सड़क दुर्घटना की आपात स्थिति में अब निजी एंबुलेंस भी 108 एंबुलेंस की तरह काम करेंगी। इसके लिए परिवहन मंत्री यशपाल आर्य ने स्वास्थ्य विभाग को प्रस्ताव भेजने को कहा है। उन्होंने सभी विभागों से सड़क हादसों में होने वाली मौतों को 50 प्रतिशत कम करने का लक्ष्य दोहराया। उन्होंने मार्गों पर स्पीड ब्रेकर और चेतावनीयुक्त साइनबोर्ड लगाने के भी निर्देश दिए।
विधानसभा स्थित कक्ष में परिवहन मंत्री यशपाल आर्य ने राज्य स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की समीक्षा बैठक ली। मंत्री यशपाल आर्य ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि दुर्घटना के बाद लोगों का जीवन बचाने के लिए निजी एंबुलेंस को भी सरकारी 108 एंबुलेंस की तरह उपयोग में लाया जाए। इसके लिए उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को तत्काल प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए।
साथ ही स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि समस्त एंबुलेंस वाहनों में जीपीएस सिस्टम लगाया जाए। इससे आपात स्थिति में 108 एंबुलेंस की मांग करने पर दुर्घटना स्थल के पास मौजूद निजी एंबुलेंस भी तुरंत भेजी जा सकेगी। इस बैठक में परिवहन विभाग, लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, यातायात पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और समिति से जुड़े अन्य विभागों के अधिकारी शामिल हुए।