वन मंत्री ने कहा कि गर्जिया गेट को भी जल्द खोला जाएगा। इसके अलावा बीस वर्षों से बंद पड़े ढिकाला-कांडा-कोटद्वार के रास्ते का भी जीर्णोद्धार किया जाएगा। जल्द ही ढिकाला गेट का शुभारंभ किया जाएगा।
इससे कोटद्वार, दुगड्डा से कांडा होते हुए पर्यटक ढिकाला जा सकेंगे। लालढांग-चिलरखाल मार्ग को भी जल्द बनाया जाएगा। कोटद्वार-कालागढ़-रामनगर पर जीएमओयू की बस सेवा शुरू करने के संबंध में उन्होंने कहा कि इस पर हाईकोर्ट ने रोक लगाई है। कोशिश है कि हाईकोर्ट से स्टे को हटाकर इस मार्ग पर जल्द ही बस सेवा शुरू हो सके।
पाखरो में टाइगर सफारी का नहीं होगा लाभ: नेगी
पूर्व मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी ने सीटीआर के टाइगर सफारी को कोटड़ीढांग सनेह क्षेत्र की जगह पाखरो में बनाए जाने पर हैरानी जताई। कहा कि पाखरो में टाइगर सफारी बनाए जाने से कोटद्वार सहित जिले के लोगों को कोई फायदा नहीं होगा।
पूर्व मंत्री नेगी ने कहा कि कांग्रेस शासनकाल मेें वर्ष 2014-15 में तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने टाइगर सफारी के लिए मुख्य संचालन केंद्र पाखरो के बदले कोटड़ीढांग सनेह क्षेत्र में करने के लिए नेशनल टाइगर कंजरवेशन अथारिटी (एनटीसीए) को प्रस्ताव भेजा था, जिसे सैद्धांतिक सहमति भी मिली थी। वर्तमान में कार्बेट नेशनल पार्क का अधिकांश भूभाग पौड़ी जिले में आता है। पाखरो में टाइगर सफारी बन जाने से जिले के लोगों को कोई फायदा नहीं होने वाला है।
भावुक हुए वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत
पाखरो में टाइगर सफारी के शिलान्यास कार्यक्रम में वन मंत्री डा. हरक सिंह रावत उस वक्त भावुक हो उठे, जब कार्यक्रम को कोटद्वार नगर पालिका की पूर्व अध्यक्ष शशि नैनवाल संबोधित कर रही थीं। शशि नैनवाल ने डा. हरक सिंह रावत को एक कर्मठ, जुझारू और विकास को गति देने वाला जनप्रतिनिधि बताया। कहा कि काम करने वाले लोगों की टांग खिंचाई कोई नई बात नहीं है। डा. हरक सिंह रावत के पीछे भी इसी तरह के लोग पड़े हैं, जो कामयाब नहीं होंगे। इस दौरान मंच पर बैठे डा. हरक सिंह रावत भावुक हो उठे।