गत वर्ष पासिंग आउट परेड के अवसर पर इन अंडरपासों के महत्व पर केंद्रीय मंत्री से चर्चा करने पर उन्होंने इसकी घोषणा की थी जो आज साकार हो रही है। इसके लिए आवश्यक धनराशि 44.21 करोड़ की भी स्वीकृति प्रदान की है।
इस अवसर पर आईएमए के समादेशक ले.जनरल जयवीर सिंह नेगी ने आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि अंडरपास से आईएमए का नार्थ, सेंट्रल तथा साउथ क्षेत्र आपस में जुड़ जाएगा तथा एनएच एवं लोनिवि की सड़क पर यातायात सुचारू रूप से संचालित हो सकेगा।
इस अवसर पर लेफ्टिनेंट जनरल केके खन्ना, मेजर जनरल आरएस ठाकुर, ब्रिगेडियर सुजीत नारायण, मुख्य सचिव ओम प्रकाश, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, पुलिस महानिदेशक अनिल रतूड़ी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
सीएम ने आईएमए परिसर का किया भ्रमण
भारतीय सैन्य अकादमी परिसर में दो अंडर पासों के शिलान्यास कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने आईएमए परिसर का भ्रमण कर आईएमए द्वारा संचालित विभिन्न गतिविधियों को देखा। सीएम ने आईएमए स्थित शहीद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीद वीर जवानों को श्रद्धांजलि दी। मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षण रत युवा कैडेटों से भी मुलाकात कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) में बनने जा रही दो टनल कई मायने में खास होंगी। जिनमें कैडेट्स आसानी से साइकिल चला सकेंगे। साथ ही सेना के भारी ट्रकों की भी आसानी से आवाजाही होगी।
टनल की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने वाली कंपनी टेक्निकल कंसल्टेंसी सर्विसेज के अधिकारी अरुण कुमार बक्शी ने बताया कि आईएमए के कैडेट्स साइकिलों का प्रयोग करते हैं। इसलिए टनलों को खास डिजाइन किया है। चकराता रोड के टनल की कुल लंबाई 384 मीटर होगी। टनल को 54 मीटर लंबाई दी जाएगी। इसमें आने-जाने के लिए दो लेन होंगी।
इसमें कैडेट्स को साइकिल चलाने के लिए दोनों तरफ अलग से डेढ़-डेढ़ मीटर का ट्रैक भी बनाया जाएगा। जो दो लेन से थोड़ा ऊंचाई पर होगा। इससे साइकिल चलाने में कम चढ़ाई चढ़नी पड़ेगी।
इसी तरह रांगड़वाला चुंगी-मीठी बेहड़ी रोड पर भी टनल बनाई जाएगी, लेकिन इस टनल की कुल लंबाई 408 मीटर होगी। इसकी कुल लागत 2238.37 लाख रुपये है, जबकि चकराता रोड वाली टनल की लागत राशि 1994.92 लाख है। टनल का काम जल्द शुरू किया जाएगा।