हरिद्वार में बनेंगी पांच मल्टी स्टोरी पार्किंग
हरिद्वार में चारधाम यात्रा और कुंभ के मद्देनजर वाहन पार्किंग की सख्त जरूरत है। इस हिसाब से पांच मल्टी स्टोरी पार्किंग बनाने का प्रस्ताव एनएचआईडीसीएल ने दिया है। प्रस्ताव अभी शासन स्तर पर है, जिस पर कैबिनेट में मुहर लगेगी। वहीं, सरकार ने यूजेवीएनएल, आरवीएनएल और टीएचडीसी को भी पार्किंग की संभावित जगहों की तलाश करने के निर्देश दिए हैं।
किस जिले में कितने वाहनों की बन रही पार्किंग
जिला पार्किंग की संख्या वाहन क्षमता
अल्मोड़ा 09 2108
चमोली 01 65
चंपावत 04 223
पौड़ी 05 226
पिथौरागढ़ 03 62
टिहरी 01 40
उत्तरकाशी 05 571
नैनीताल 04 600
मैदानी जिलों में पार्किंग की जमीन का संकट
पर्वतीय जिलों में तो आसानी से पार्किंग की जगह मिल गई है, लेकिन देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर में पार्किंग की जमीन का संकट है। एक साल में सरकार ने आठ जिलों में 32 पार्किंग तो चुन ली, लेकिन मैदानी जिलों में अभी तक जिला प्रशासन ने जमीन मुहैया नहीं कराई है। इससे सरकार यहां प्राइवेट पार्किंग की नीति भी लाई है, जिसमें निजी भूमि पर पार्किंग बनाने वाले को बिजली बिल में एक रुपये प्रति यूनिट की सब्सिडी का भी प्रावधान किया गया है।