औली को विश्व मानचित्र पर जगह दिलाई
स्वर्गीय केदार सिंह फोनिया ने उत्तरप्रदेश में पर्यटन मंत्री रहते हुए औली को विश्व मानचित्र पर जगह दिलाई थी। जोशीमठ-औली रोपवे भी उन्हीं की देन है। बदरीनाथ विधानसभा के दूरस्थ गांवों में सड़कें पहुंचाने का श्रेय भी उन्हें ही जाता है। वे चमोली जनपद के चीन सीमा क्षेत्र के गमशाली गांव के निवासी थे।
1969 में पहली बार लड़ा था निर्दलीय चुनाव
फोनिया ने 1969 में पहली बार विधानसभा के लिए निर्दलीय चुनाव लड़ा था, लेकिन वे हार गए थे। तब 1991 में विधानसभा चुनाव लड़े और यूपी में कल्याण सिंह की सरकार में पर्यटन मंत्री रहे। वर्ष 1993 और 96 में हुए विधानसभा चुनाव में भी जीत गए थे। उत्तराखंड राज्य निर्माण के बाद अंतरिम सरकार में भी वे लोक निर्माण विभाग और पर्यटन मंत्री रहे। उत्तराखंड में 2007 में हुए विधानसभा चुनाव में भी उन्होंने जीत दर्ज की थी, लेकिन खंडूरी सरकार में वे मंत्रिमंडल में शामिल नहीं हो पाए थे।