फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सामने आया उत्तराखंड के स्वास्थ्य मंत्री का झूठ, ये रहा सबूत!

Tue, 02 Aug 2016 10:02 AM IST
अनिल चन्दोला/अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
सुरेंद्र सिंह नेगी। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
जिलों में मुख्य चिकित्साधिकारी पद पर अपर निदेशकों की जगह संयुक्त निदेशकों को तैनात करने के मामले में स्वास्थ्य मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी का झूठ सामने आया है। सेवा नियमावली को दरकिनार कर स्वास्थ्य मंत्री ने चहेते संयुक्त निदेशकों को सीएमओ बना दिया। जबकि राष्ट्रपति शासन के दौरान शासन ने अपर निदेशकों को तैनात करने का प्रस्ताव सूचीबद्ध किया था। दस मई को सरकार बहाल होते ही स्वास्थ्य मंत्री ने यह फाइल रुकवा दी और खुद की तैयार लिस्ट 17 जून को जारी कर दी।
विज्ञापन


अमर उजाला के संडे स्पेशल इंटरव्यू में जब उनसे एडी के बजाय जेडी को सीएमओ बनाए जाने का सवाल पूछा गया तो उन्होंने सफाई देते हुए कहा था कि कोई एडी सीएमओ बनने को तैयार नहीं है। मंत्री के इस झूठ की पोल आरटीआई में मिली जानकारी ने खोलकर रख दी है। आगे पढ़े स्वास्थ्य मंत्री का इंटरव्यू..

शासन की सूची को बदलकर स्वास्थ्य मंत्री ने हटाए नाम

सुरेंद्र सिंह नेगी - फोटो : AmarUjala
स्वास्थ्य महानिदेशालय से मिली जानकारी के अनुसार राष्ट्रपति शासन के दौरान आठ अप्रैल 2016 को प्रमुख सचिव स्वास्थ्य की अध्यक्षता में स्वास्थ्य महानिदेशक और सभी अपर निदेशकों की बैठक आयोजित हुई थी। जिसमें कनिष्ठ अधिकारियों को सीएमओ और पीएमएस के पदों पर तैनाती के कारण पीएमएचएस संवर्ग के अपर निदेशकों के असंतोष जताने व व्यावसायिक व प्रशासनिक परेशानियां होने की जानकारी दी गई थी। पढ़ें इंटरव्यू, आप शासन की सूची बदल कर जेडी को पदों पर बैठा रहे हैं?
इसके बाद मुख्य चिकित्साधिकारियों व प्रमुख अधीक्षक पद पर अपर निदेशकों की तैनाती वरिष्ठता व विकल्प के आधार पर करने पर सहमति बनी और शासन ने 29 अप्रैल की बैठक के आधार पर अपर निदेशकों के विकल्प के आधार पर नई जगहों पर तैनाती, स्थानांतरण व पदस्थापना की सूची तैयार की।

सरकार बहाल होने के बाद स्वास्थ्य मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी ने यह सूची मंगवाई और 17 जून को सेवा नियमावली को ठेंगा दिखाती अपनी तैयार सूची के आदेश जारी करने का फरमान शासन को सुना दिया। इसमें एडी को हटाकर चहेते जेडी को सीएमओ बनाने की संस्तुति की गई थी। इतना ही नहीं, नौ डॉक्टरों की तबादले की सूची भी साथ में भेज दी, जिसका प्रस्ताव तक महानिदेशालय से नहीं मांगा गया। 
विज्ञापन

देखिए, शासन और मंत्री की सूची में अंतर

doctor
जिला----------- शासन की सूची------- मंत्री की सूची
देहरादून-------- डॉ. डीएस रावत-------- डॉ. वाईएस थपलियाल
हरिद्वार-------- डॉ. अर्चना श्रीवास्तव----- डॉ. वीएस जंगपांगी
बागेश्वर-------- डॉ. निशा पांडे-------- डॉ. संजय शाह
यूएस नगर-------- डॉ. ललित मोहन उप्रेती-------- डॉ. हेमंत कुमार जोशी
नैनीताल------- डॉ. राजेंद्र प्रसाद बडोनी------- डॉ. ललित मोहन उप्रेती
अल्मोड़ा------- डॉ. तारा चंद्र पंत                
पौड़ी------- डॉ. रविंद्र थपलियाल    
चंपावत------- डॉ. हेमंत कुमार जोशी------- डॉ. धनलाल शाह
रुद्रप्रयाग------- डॉ. टीपी डिमरी
चमोलीडा------- डॉ. धनलाल शाह
पिथौरागढ़------- डॉ. हरीश लाल
टिहरी------- डॉ. आरती ढौंडियाल
उत्तरकाशी------- डॉ. वीके ढौंडियाल

इसके अलावा स्वास्थ्य मंत्री ने डॉ. देवेंद्र प्रताप दुर्गापाल, डॉ. राजेंद्र प्रसाद बडोनी, डॉ. तारा चंद पंत, डॉ. हरीश लाल, डॉ. शिशुपाल सिंह नेगी, डॉ. आरती ढौंडियाल, डॉ. आलोक तेवतिया, डॉ. टीपी डिमरी, डॉ. तृप्ति बहुगुणा, डॉ. निशा पांडे, डॉ. विनोद ढौंडियाल, डॉ. विनोद सिंह टोलिया, डॉ. दयाल शरण, डॉ. कैलाश जोशी, डॉ. केसरी चंद ठाकुर और डॉ. संजय शाह के तबादला/पदस्थापन आदेश भी संशोधित किए।

क्या कहते हैं स्वास्थ्य मंत्री?
जिन एडी का प्रस्ताव मेरे पास आया, मैंने उनसे पूछा तो उन्होंने मना किया। आप डॉ. अर्चना श्रीवास्तव से फोन करके पूछ लो। जिनके प्रस्ताव मेरे पास आए, उन्हीं से तो पूछना था। 
-सुरेंद्र सिंह नेगी, स्वास्थ्य मंत्री
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें