देहरादून में तेजी से पैर पसार रहे जानलेवा डेंगू को रोकने में स्वास्थ्य विभाग असमर्थ है।
ऐसा हम नहीं कह रहे, खुद स्वास्थ्य महानिदेशालय के एक प्रतिनिधि ने मानवाधिकार आयोग के समक्ष यह स्वीकार किया है। स्वास्थ्य महानिदेशालय की मानें तो ‘स्वास्थ्य विभाग पूरे शहर में डेंगू की रोकथाम और इलाज की सुविधा देने में असमर्थ है। फिर भी वह डेंगू से बचाव के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है।’
दरअसल, नेहरू कालोनी निवासी भूपेंद्र कुमार ने उत्तराखंड मानवाधिकार आयोग में प्रदेश में डेंगू के मरीजों की बढ़ती संख्या और बचाव व उपचार की पर्याप्त व्यवस्था न होने की शिकायत की थी।
मामले की सुनवाई आयोग की सदस्य डॉ. हेमलता ढौंढियाल ने की। सुनवाई के दौरान स्वास्थ्य महानिदेशक के प्रतिनिधि डॉ. अवनीश गुप्ता ने आयोग में जवाब दिया कि ‘स्वास्थ्य विभाग पूरे शहर में डेंगू की रोकथाम और इलाज की सुविधा देने में असमर्थ है।
फिर भी वह डेंगू से बचाव के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है।’ आयोग ने स्वास्थ्य महानिदेशालय के इस जवाब पर आश्चर्य जताते हुए स्पष्ट किया कि यह स्वास्थ्य विभाग की ड्यूटी है कि वह पूरे प्रदेश में प्रत्येक नागरिक को स्वास्थ्य सुविधाएं देने के अलावा बीमारी से बचाव की जानकारी दे।
आयोग ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग डेंगू से बचाव और इलाज की पर्याप्त व्यवस्था की बात कह रहा है, लेकिन मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, इस बीमारी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। आयोग ने प्रमुख सचिव स्वास्थ्य, प्रमुख सचिव शहरी विकास और स्वास्थ्य महानिदेशक को निर्देश दिए कि डेंगू बीमारी से इलाज और बचाव के प्रति जागरूकता तत्काल सुनिश्चित कराएं।
आयोग ने सचिव सूचना और स्वास्थ्य महानिदेशक को निर्देश दिए कि डेंगू बीमारी से बचाव के प्रति मीडिया के जरिये भी जागरूकता फैलाएं और इसके लिए बजट की व्यवस्था की जाए। आयोग ने सामाजिक कार्यकर्ताओं से भी अपेक्षा की है कि जागरूकता अभियान में योगदान देंगे। मामले की अगली सुनवाई आठ सितंबर को होगी।
प्रमुख लक्षण
- सिरदर्द और तेज बुखार
- हाथ-पैर ठंडे पड़ना
- पेट में असहनीय दर्द होना
- बार-बार उल्टी होना
- बेहोशी छाना
- मुंह-नाक से खून निकलना
पानी की कमी से बचें
डेंगू के दौरान शरीर में पानी की कमी नुकसानदायक हो सकती है। इसलिए मरीज को समय-समय पर पानी पिलाते रहें। साथ ही, छाछ, नींबू पानी और नारियल पानी भी फायदेमंद होता है। एंटी ऑक्सीडेंट के तत्वों से भरपूर कीवी, किशमिश और फल खाएं।