नगर निकायों के चेयरमैन और मेयरों के खिलाफ मिल रही शिकायतों पर शासन का रुख सख्त होता जा रहा है। पिथौरागढ़ और सुल्तानपुर पट्टी के चेयरमैनों के खिलाफ कार्रवाई के बाद अब रुड़की नगर निगम के मेयर यशपाल राणा पर शासन ने आंखें तरेर ली हैं।
क्षेत्रीय विधायक प्रदीप बत्रा की शिकायत पर शासन ने मेयर का जवाब तलब किया है। बीटी गंज में संपत्ति खरीद से संबंधित मामले में अनियमितता की शिकायत पर मेयर से 15 दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा गया है।
बत्रा की शिकायत पर हरिद्वार के डीएम ने जांच कराई थी। इस जांच में प्रथम दृष्टया मेयर को अनियमितता का दोषी माना गया है। शहरी विकास सचिव राधिका झा ने शुक्रवार को मेयर को कारण बताओ नोटिस जारी किया। बीटी गंज रुड़की में 252 वर्ग मीटर यानी 2718 वर्ग फीट की जमीन की खरीद-फरोख्त को लेकर मेयर की शिकायत की गई थी।
जांच रिपोर्ट में कहा गया है कि नगर निगम की जमीन का स्वरूप परिवर्तन या फिर लीज का नवीनीकरण या अन्य व्यक्ति को लीज हस्तांतरित करने का अधिकार राज्य सरकार को है। इसके बावजूद संबंधित संपत्ति मेयर और उनके तीन सहयोगियों के नाम हस्तांतरित की गई है, जो कि गलत है।