केंद्रीय योजना आयोग भंग होने के बाद के दौर में उत्तराखंड सत्ता पक्ष ने केंद्र के खिलाफ मोर्चा खोल लिया है। मुख्यमंत्री हरीश रावत बैठक में पहले ही विरोध जता ही चुके हैं।
अब कांग्रेस 18 दिसंबर को दिल्ली में केंद्र के खिलाफ धरना देने की तैयारी में जुट गई है। बतौर प्रेक्षक कांग्रेस प्रदेश महामंत्री विजय सारस्वत और कांग्रेस प्रवक्ता धीरेंद्र प्रताप प्रदेश के दौरे पर निकल भी पड़े हैं।
18 दिसंबर को जंतर-मंतर पर प्रस्तावित धरना प्रदर्शन में मुख्यमंत्री हरीश रावत, प्रदेश के अन्य कांग्रेस कैबिनेट मंत्रियों और संगठन के पदाधिकारियों के शामिल होने की उम्मीद है।
कांग्रेस का कहना है कि प्रदेश आपदा से प्रभावित है और केंद्र सरकार राजनीतिक चश्मे से स्थिति का आकलन कर रही है। पुनर्निर्माण और पुनर्वास के लिए केंद्र से बार-बारमदद का आग्रह किया जा रहा है पर सब बेनतीजा है। ऐसे में 18 दिसंबर को जंतर-मंतर पर धरना देकर विरोध जताया जाएगा।