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इनकम बढ़ाने के साथ खर्चों पर चलेगी उत्तराखंड सरकार की कैंची

Sat, 12 Aug 2017 12:38 PM IST
राकेश खंडूड़ी/ अमर उजाला, देहरादून
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खराब माली हालत का सामना कर रही प्रदेश सरकार आय बढ़ाने के साथ-साथ अब खर्चों में कटौती का कड़ा फैसला लेने की सोच रही है। लेकिन इस निर्णय को लागू करने से पहले सरकार पूरा होमवर्क कर लेना चाहती है।
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इसके लिए एक हाई पावर कमेटी का गठन होगा, जो उन क्षेत्रों का चयन करेगी, जहां सरकार किफायत बरत सकती है। अभी मितव्ययितता के तौर पर सरकार ने नए वाहनों की खरीद पर रोक लगा रखी है। अब सरकारी वाहनों के इस्तेमाल को लेकर भी सरकार योजना बना रही है।

वित्त मंत्री प्रकाश पंत के मुताबिक, आय में बढ़ोतरी को लेकर तय किए गए लक्ष्यों को प्राप्त करने को लेकर वह पूरी तरह से आश्वस्त हैं। मगर पहली तिमाही में आशातीत परिणाम नहीं आ पाएं हैं। मसलन स्टांप और रजिस्ट्रेशन शुल्क में परिणाम लक्ष्य से 11.4 फीसदी कम है। इसी तरह राज्य करों में भी छह फीसदी की कमी है। यही तस्वीर सेल टैक्स की है।
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विद्युत करों व उप करों से होने वाली इनकम भी लक्ष्य से 13 फीसदी कम हो पाई है। वन एवं वन्यजीव विभाग की इनकम तो लक्ष्य से 42 फीसदी कम रही है। यही हाल खनन से होने वाली आय का है, जिसमें 21.8 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई है। अलबत्ता करोत्तर राजस्व के तौर पर पावर सेक्टर से इनकम उत्साहित करने वाली है। इस सेक्टर ने लक्ष्य से 60.9 फीसदी राजस्व अर्जित किया है। कुल मिलाकर पहली तिमाही में सरकार ने 2873.49 करोड़ का राजस्व प्राप्त किया है, जो लक्ष्य से 3.8 फीसदी कम है। वित्तीय वर्ष के दौरान सरकार ने 15057 करोड़ रुपये कमाने हैं।  

पहली तिमाही में कितने कमाए 
सेक्टर- पहली तिमाही-वार्षिक लक्ष्य
स्टांप एंड रजिस्ट्रेशन- 262.34 - 1100.71
स्टेट एक्साइज - 772.68 - 2400.50
सेल टैक्स - 2106.77-8876.00
वाहनों का कर-171.70-660.00
विद्युत कर व उपकर-66.07-300.08
पावर(नान टैक्स)-40.23-300.00
वन एवं वन्यजीव-117.55-500.00 
उपखनिज -86.26-620.00
जल उपकर-60.00-300.00
कुल योग-2873.49-15057
(नोट- राशि करोड़ में)

मितव्ययिता को लेकर नए वाहनों की खरीद पर रोक है। लेकिन सरकार फिजूलखर्च रोकने के लिए कुछ और कदम उठाना चाहती है। खर्चों में कटौती के लिए वे कौन से क्षेत्र हो सकते हैं, और क्या-क्या निर्णय लिए जा सकते हैं, इस प्रस्ताव को कैबिनेट के समक्ष रखा जाएगा। एक हाई पावर कमेटी का गठन होगा, जो मितव्ययिता के लिए सुझाव देगी। इनकम बढ़ाने के लिए विभागों से इनोवेटिव आइडिया देने को कहा गया है। 
- प्रकाश पंत, वित्त मंत्री

सरकारी गाड़ियों से शुरुआत
वित्त विभाग ने मितव्ययिता के तहत सरकारी वाहनों के निजी उपयोग को लेकर नए आदेश जारी किए हैं। आदेश के मुताबिक, जो अधिकारी एक माह में सरकारी वाहन का 200 किमी से अधिक उपयोग करेंगे, उनसे 10 रुपये प्रति किमी की दर से धन वसूला जाएगा। 200 किमी तक अधिकारियों से तीन रुपये प्रति किमी की दर से धन वसूला जा रहा है। इस संबंध में शासनादेश जारी हो गया है।
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