पार्टी विधायक हरीश धामी ने हरीश रावत को चेहरा बनाए जाने को लेकर ज्यादा स्पष्टता के साथ अपनी राय दी। हरीश रावत समर्थक धामी ने कहा कि सबकी मांग थी कि हरीश रावत के चेहरे पर चुनाव लड़ा जाए और कांग्रेस हाईकमान ने इस पर मुहर लगा दी।
प्रदेश की जनता हरीश रावत को मुख्यमंत्री देखना चाहती है। लेकिन धामी की राय से जुदा नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने साफ कर दिया कि पार्टी ने अभी कोई चेहरा ही घोषित नहीं किया। चुनाव में चेहरे को लेकर सहमति और असहमति की जो शुरुआत हुई है, ये कांग्रेस में एक नई सियासी जंग का आगाज मानी जा रही है।
चुनाव प्रचार समिति का अध्यक्ष हरीश रावत को बनाया गया है। चुनाव प्रचार समिति का अध्यक्ष उस चेहरे को बनाया जाता है, जो प्रदेश में सबसे ज्यादा स्वीकार्य हो। मुख्यमंत्री कौन होगा, यह कहना बहुत जल्दबाजी होगी। हमने सामूहिक प्रयास से कांग्रेस को सत्ता में लाना है।- गणेश गोदियाल, प्रदेश अध्यक्ष, कांग्रेस
जो कमेटी घोषित हुई है, उसमें कहीं ऐसा लिखा है कि किसी के चेहरे पर चुनाव लड़ा जाएगा। जब ऐसा नहीं है तो फिर अपनी तरफ क्यों कयास लगाए जा रहे हैं। चेहरा सामूहिक होगा। चुनाव राहुल और सोनिया गांधी के चेहरे पर होगा।- प्रीतम सिंह, अध्यक्ष, कांग्रेस विधायक दल(नेता प्रतिपक्ष)
हरीश रावत चुनाव समिति के अध्यक्ष बने हैं। हम सबकी मांग थी कि उत्तराखंड में हरीश रावत के चेहरे पर चुनाव लड़ा जाए, हाईकमान ने उस पर मुहर लगाई है। प्रदेश के जनमानस के बीच खुशी की लहर है कि हरीश रावत फिर मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं। उनके नेतृत्व में चुनाव होने जा रहा है। हर कोई घर से निकलकर कांग्रेस का प्रचार करने को तैयार है। -हरीश धामी, विधायक, धारचूला