प्रीफैब भवन तैयार किया जाए, शिविर लगाकर प्रमाण पत्र बनवाएं
सीएस ने प्रभावित क्षेत्र में स्कूल, अस्पताल और आंगनबाड़ी केंद्र के लिए तत्काल प्रीफैब भवन तैयार किए जाने को कहा। उन्होंने कहा कि आपदा से लोगों के प्रमाणपत्र एवं अन्य आवश्यक दस्तावेज भी नष्ट हो गए होंगे। इसके लिए शीघ्र बहुउद्देश्यीय शिविर लगाकर तत्काल प्रमाणपत्र उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने लोक निर्माण विभाग, सिंचाई विभाग को सचिव को प्रभावित क्षेत्र का दौरा कर गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग के अस्थायी झील में डूबे हिस्से के लिए तत्काल वैकल्पिक मार्ग तैयार करने को कहा। उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्र के लिए अन्य पैदल और वैकल्पिक मार्गों को भी दुरूस्त किया जाए। कहा कि मुख्य सड़क मार्ग बाधित होने से प्रभावित क्षे़त्र के साथ ही उससे आगे के भी पूरे क्षेत्र में फल, सब्जी उत्पादकों को अपने उत्पादों के लिए बाजार की समस्या खड़ी हो गयी है। उन्होंने सचिव कृषि को निर्देश दिए कि उत्तराखंड हॉर्टीकल्चर बोर्ड और मंडी परिषद प्रभावित क्षेत्रों में उत्पादों की खरीद सुनिश्चित करें।
आजीविका की दिशा में भी कार्य किए जाने की आवश्यकता
मुख्य सचिव ने कहा कि प्रभावितों की आजीविका की दिशा में भी कार्य किए जाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि एप्पल मिशन, कीवी मिशन और वीर चंद्र सिंह गढ़वाली स्वरोजगार योजना, होम स्टे जैसी विभिन्न योजनाओं को लेकर प्रभावितों की आजीविका में सहायता के लिए कार्ययोजना तैयार की जाए। इस दौरान सचिव गृह शैलेश बगोली, डॉ. पंकज कुमार पांडेय, आयुक्त कुमाऊं दीपक रावत, आयुक्त गढ़वाल विनय शंकर पांडेय, सचिव डॉ.एसएन पांडेय आदि मौजूद थे।