लेकिन केवल उन्हीं विदेश यात्रियों को चालक समेत सड़क मार्ग से दिल्ली जाने की इजाजत होगी, जिन्हें विदेश मंत्रालय से अनुमति होगी। जिलाधिकारियों से कहा गया है कि वे इस संबंध में विदेश मंत्रालय से निर्देश प्राप्त करने के बाद ही कार्रवाई करेंगे।
प्रदेश में सबसे ज्यादा करीब 1200 विदेशी पौड़ी जिले में फंसे हैं। स्वर्गाश्रम में वे बड़ी संख्या में मौजूद हैं। इसके अलावा नैनीताल में 14, अल्मोड़ा में 81, चंपावत में नौ के अलावा उत्तरकाशी, देहरादून और हरिद्वार जिले में भी विदेशी यात्रियों के फंसे होने की सूचना है। ये सभी विदेशी यात्री अपने मुल्क लौटने के लिए अपने दूतावास, विदेश मंत्रालय और स्थानीय जिला प्रशासन पर दबाव बना रहे हैं।