उत्तराखंड कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने के ढाई साल से अधिक समय बीत जाने के बाद शनिवार को प्रदेश पदाधिकारियों की घोषणा हुई। केंद्रीय नेतृत्व ने मई 2017 में प्रीतम सिंह को अध्यक्ष बनाया था लेकिन लंबी जद्दोजहद के बाद कार्यकारिणी बनी। सूत्रों की मानें तो राज्य से काफी पहले पदाधिकारियों के नाम की सूची केंद्रीय नेतृत्व को भेजी जा चुकी थी लेकिन अब जाकर मुहर लगी है।
प्रदेश पदाधिकारियों के चयन में क्षेत्र का संतुलन बनाने के साथ सभी वर्गों का मौका देने का प्रयास है। असम के प्रभारी और महासचिव हरीश रावत, बेटे आनंद रावत समेत कुछ समर्थकों को जगह दिलाने में कामयाब रहे। 22 उपाध्यक्ष प्रयाग दत्त भट्ट, गणेश गोदियाल, पृथ्वीपाल सिंह चौहान और जया बिष्ट रावत खेमे से हैं। जबकि पूर्व अध्यक्ष किशोर उपाध्याय के करीबी जोत सिंह बिष्ट को फिर मौका मिला है। महेंद्र पाल, सूर्यकांत धस्माना, राजेंद्र सिंह भंडारी, सरोजनी कैंथुरा, विजयपाल सजवाण वरिष्ठता के चलते जगह बनाने में सफल रहे हैं।
31 महामंत्रियों में हरीश रावत खेमे के पांच राजपाल खरोला, आनंद रावत, गोविंद सिंह बिष्ट, ललित फर्सवाण, हेमेश खर्कवाल शामिल हैं। पदाधिकारियों में कोई भी वर्तमान विधायक शामिल नहीं है। कई पूर्व विधायकों को बतौर सचिव शामिल किया गया है। जिससे सचिवों की संख्या 98 हो गई है।