चमोली जिले से लगी चीन सीमा तक सेना की राह आसान हो गई है। सीमा से लगे डबल लेन जोशीमठ-मलारी हाईवे और इसी सड़क पर बने पुनार पुल का मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने मंगलवार को लोकार्पण किया। इस सड़क का चौड़ीकरण और पुल का निर्माण सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) ने किया है।
जोशीमठ से करीब पांच किमी आगे पुनार में आयोजित पुल और सड़क के लोकार्पण कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड अंतरराष्ट्रीय सीमाओं से लगा हुआ है। इन सीमाओं से दस किमी अंदर तक पर्यटकों की आवाजाही के लिए योजना बनाई जा रही है। नीती घाटी प्राकृतिक रूप से काफी सुंदर है। सरकार यहां पर्यटकों की आवाजाही को आसान बनाना चाहती है।
उन्होंने इसके लिए स्थानीय लोगों से भी सुझाव मांगे। बीआरओ के मुख्य अभियंता आशु सिंह राठौर ने बताया कि जोशीमठ से रिमखिम तक सड़क का निर्माण कार्य पूरा किया जा चुका है। पहले यहां पहुंचने में आठ घंटे लगते थे, अब सेना के जवान तीन घंटे में यह सफर पूरा कर सकेंगे। 62.66 किमी लंबी इस सड़क को डबल लेन बनाने में 265 करोड़ और पुल निर्माण में 494.30 लाख की लागत आई है।
इस अवसर पर बदरीनाथ विधायक महेंद्र भट्ट, बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष मोहन प्रसाद थपलियाल, भाजपा जिलाध्यक्ष रघुवीर सिंह बिष्ट, बीआरओ कमांडर मनीष कपिल, जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया, नगर पालिका अध्यक्ष शैलेंद्र पंवार, ब्लॉक प्रमुख हरीश परमार आदि मौजूद थे।