भूमि धोखाधड़ी रोकने के लिए बनेगा सख्त कानून
प्रदेश में बढ़ते भूमि धोखाधड़ी के मामलों में मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दिशा में एक सख्त कानून बनाया जाएगा। ताकि लोगों की गाढ़ी कमाई को ठगने वालों के साथ सख्ती से निपटा जा सके। भूमि विवादों के निस्तारण के लिए तहसील स्तर पर गठित समितियों की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इन मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। इससे जो पीड़ित लोग हैं उन्हें जल्द से जल्द न्याय मिल सकेगा।
सरकारी योजनाओं के लिए छह माह का विशेष अभियान
मुख्यमंत्री ने कहा कि योजनाएं केवल फाइलों में न रहें। उन्हें धरातल पर उतारना बेहद जरूरी है। इसके लिए उन्होंने अगले छह माह का विशेष अभियान चलाने के लिए प्रत्येक जिलाधिकारी को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस अभियान के तहत प्रत्येक गांव तक सरकारी योजनाओं को पहुंचाया जाए। घोषणाओं का 100 प्रतिशत क्रियान्वयन जिलों में सुनिश्चित कराया जाए। इनका नियमित भौतिक सत्यापन हो और गुणवत्ता व समयबद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए।
ये भी दिए निर्देश
- नदी नालों व सरकारी भूमि पर हो रहे अवैध निमार्णों के लिए संबंधित क्षेत्र के एसडीएम, लेखपाल व पटवारी की जवाबदेही तय की जाए।
- 1905 हेल्पलाइन की नियमित समीक्षा कर जीरो पेंडेंसी सुनिश्चित की जाए।
- डिजिटल गवर्नेंस को केवल औपचारिकता न समझा जाए बल्कि पूरी गंभीरता के साथ धरातल पर लागू किया जाए।
- चारधाम यात्रा की तैयारियों के संबंध में संबंधित जिलों में संयुक्त समीक्षा बैठक बुलाई जाए।
- लोनिवि आगामी 15 फरवरी तक सभी सड़कों के डामरीकरण का काम शुरू करे और गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए।