इन महिलाओं को मिल सकेगा लाभ
योजना के ड्राफ्ट के अनुसार, उत्तराखंड की एकल महिलाओं से तात्पर्य ऐसी महिला से है जो निराश्रित, अविवाहित (जो परिवार पर अश्रित न हो), विधवा, परित्यक्ता, तलाकशुदा, किन्नर, अपराध एवं एसिड हमले से पीड़ित निराश्रित महिलाएं व जिन महिलाओं के बच्चे अवयस्क या अविवाहित पुत्री हो या जो अकेले ही अपना व अवयस्क बच्चों के पालन पोषण की जिम्मेदारी वहन कर रही हो व आर्थिक रूप से कमजोर हो।
प्रदेश में महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए पहले से ही कई योजनाएं चल रही हैं, लेकिन एकल महिलाओं को सशक्त करने की सबसे ज्यादा जरूरत समझी गई है, इसलिए यह सहायता योजना विशेष रूप से मंजूर की गई है।
- रेखा आर्या, मंत्री, महिला सशक्तिकरण एवं बाल व महिला कल्याण