इससे पहले सरकार ने 15 फरवरी को बजट पेश करना था, लेकिन पुलवामा आतंकी हमले में शहीद हुए जवानों के शोक में इसे टाल दिया गया था। वर्ष 2018-19 के वित्तीय वर्ष के लिए सरकार ने 45585.09 करोड़ रुपये का बजट पास किया था। बजट में सरकार ने कौशल विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य और कृषि क्षेत्र को खास प्राथमिकता दी थी। अब 2019-20 के बजट में सरकार प्राथमिकता क्षेत्र में शामिल कृषि, पशुपालन, वानिकी, मत्स्य पालन, खनन के क्षेत्र में घोषणा कर सकती है।
प्रदेश सरकार के सामने 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का संकल्प भी पूरा करने का लक्ष्य है। ऐसे में संकेत हैं कि बजट में सरकार पर्यटन, व्यापार, परिवहन, सड़क एवं संचार क्षेत्र को प्राथमिकता दे सकती है। पिछले बजट में जो घोषणाएं सरकार ने की थीं, उनमें बजटीय प्रावधान को सरकार बढ़ा सकती है।