फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UK board result: 24 किमी साइकिल चलाकर पढ़ने जाती थीं इंटर टॉपर, जानिए उनकी सक्सेज का राज

Sun, 27 May 2018 09:09 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नैनीताल
विज्ञापन
divyanshi
विज्ञापन

पहाड़ में 24 किलोमीटर साइकिल चलाकर रोज पढ़ने जाकर इंटर में टॉप करने वाली दिव्यांशी से जानिए उनकी सक्सेस का राज।

विज्ञापन


उत्तराखंड में जसपुर के असालतपुर टांडा निवासी दिव्यांशी दिव्यांशी अपने गांव से स्कूल और कोचिंग आने जाने के लिए साइकिल का इस्तेमाल करती थीं। दिव्यांशी ने बताया कि वे रोजाना करीब 24 किलोमीटर साइकिल चला स्कूल और कोचिंग क्लास अटेंड करने जाती थीं।

दिव्यांशी ने सफलता का मंत्र बताया कि जितना मन हो उतना ही पढ़ो। बताया कि वह करीब छह घंटे पढ़ाई करती थी। गांव में बिजली की समस्या रहती थी तो वह बैट्री से पढ़ाई करती थीं। दिव्यांशी ने अपने माता-पिता और शिक्षकों को सफलता का श्रेय दिया है।
विज्ञापन

 

विज्ञापन

बेटियों का रहा दबदबा

uk board result
उनके पिता सुरेंद्र कुमार स्योहारा चीनी मिल में लिपिक हैं। जबकि मां सरिता गृहणी हैं। दिव्यांशी ने बताया कि उसने रोजाना छह घंटे बिना तनाव के पढ़ाई की। दिव्यांशी सुबह साढ़े तीन बजे उठ जाती थीं। स्कूल के अलावा वह तीन कोचिंग लेती थी। दिव्यांशी बताती हैं कि घरवालों ने भी उसे काफी सपोर्ट किया। पढ़ाई की खातिर घर में टीवी तक नहीं लगवाया। दिव्यांशी ने भी सोशल मीडिया फेसबुक और व्हाट्सएप से दूरी बनाकर रखी।

बेटियों का रहा दबदबा

उत्तराखंड बोर्ड की इंटरमीडिएट और हाईस्कूल परीक्षा में बेटियों ने परचम फहराया है। इंटरमीडिएट में ऊधमसिंह नगर जिले के महुवाडाबरा (जसपुर) की दिव्यांशी राज ने 98.40 प्रतिशत अंक हासिल कर टॉप किया तो खटीमा के सचिन चंद ने 97.40 फीसदी अंकों के साथ प्रदेश भर में दूसरा स्थान हासिल किया। नैनीताल के गर्वित कुमार तीसरे स्थान पर रहे। उनको 96.60 फीसदी अंक प्राप्त हुए। हाईस्कूल में खटीमा की काजल प्रजापति ने 98.40 प्रतिशत अंकों के साथ टॉप किया।

दूसरा स्थान ऊधमसिंह नगर जिले के ही नानकमत्ता के रोहित चंद्र जोशी ने 98 फीसदी अंकों के साथ हासिल किया। तीसरे स्थान पर रहे रुद्रप्रयाग के जतिन पुष्पवाण, श्रीनगर-पौड़ी गढ़वाल के सिद्धांत कोटियाल और काशीपुर की अमरीन मंसूरी को 97.80 प्रतिशत अंक मिले। पास प्रतिशत के लिहाज से हाईस्कूल और इंटर दोनों में बागेश्वर जिला प्रथम और हरिद्वार जिला सबसे फिसड्डी साबित हुआ।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें