उत्तराखंड बाल विधानसभा का नया मुख्यमंत्री जीजीआईसी पौड़ी की छात्रा अदिति शर्मा घोषित हुई है। शुक्रवार को प्रदेश की नई बाल विधानसभा का गठन किया गया।
पुनर्गठन में सात पुराने एवं 63 नए बाल विधायक चुने गए हैं। राज्य के सभी जिलों से चुने गए बाल विधायकों ने शुक्रवार को देहरादून पहुंच कर बाल मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री, श्रम मंत्री, गृह मंत्री एवं समाज कल्याण मंत्री का चयन किया। मुख्यमंत्री पद के लिए आठ उम्मीदवार खडे़ हुए थे।
अदिति शर्मा 23 वोट प्राप्त कर जीती, जब कि ऋषिकेश के जसमीत मिनोचा 17 वोट प्राप्त कर दूसरे नंबर पर रहे। शिक्षा मंत्री पद पर पिथौरागढ की गितांजली सामंत, समाज कल्याण मंत्री पद पर भीमताल के प्रिंस खनायत, उत्तरकाशी के अमन रावत श्रम मंत्री एवं पिथौरागढ की रजनी बिष्ट गृह मंत्री चुनी गई।
गृह मंत्री एवं शिक्षा मंत्री का पद बालिकाओं के लिए सुरक्षित रखा गया था। बाल विधानसभा में राज्य से 35 बालिकाएं और 35 बालक हिस्सा ले रहे हैं, बिना आरक्षण के ही बालिका मुख्यमंत्री चुनी गई। रुद्रप्रयाग के अंशुल भट्ट नेता प्रतिपक्ष चुने गए हैं। चंपावत के आदित्य वर्मा बाल विधानसभा के स्पीकर बने रहेंगे।
योजनाओं की विस्तृत जानकारी
खेल एवं युवा कल्याण मंत्री दिनेश अग्रवाल ने बाल विधानसभा सत्र का शुरुआत करते हुए कहा कि पर्वतीय जिलों के विकास के लिए जो भावना राज्य आंदोलन में जनमन की थी। नई गठित विधानसभा के सदस्यों को किशोर न्याय अधिनियम, मुफ्त एवं अनिवार्य शिक्षा अधिनियम, बाल श्रम उन्मूलन अधिनियम, यौन अपराधों से बच्चों को संरक्षण अधिनियमों पर जानकारी दी गई।
राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष अजय सेतिया ने उत्तराखंड राज्य में बाल अधिकारों की स्थिति एवं बच्चों के कल्याण के लिए चल रही अथवा लंबित योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। सूचना आयुक्त श्री विनोद नौटियाल ने बच्चों को सूचना के अधिकार का इस्तेमाल कर योजनाओं को लागू करने के गुरु सिखाए। इस असर पर प्लान इंडिया के सुरेश बलोदी, पर्वतीय बाल मंच की अदिति कौर एवं श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम के श्री गजेन्द्र नौटियाल भी उपस्थित रहे।
यह होंगे प्रस्ताव
बाल दिवस कल बाल विधानसभा में चार मुद्दों पर प्रस्ताव पेश किए जाएंगे, जिन पर चार स्टैंडिंग कमेटियों में विचार विमर्श के पश्चात प्रस्ताव पारित किए जाएंगे, जिन्हें समापन समारोह के मुख्य अतिथि हरीश रावत मुख्यमंत्री उत्तराखंड को सौंपा जाएगा।
कैलाश सत्यार्थी ने संदेश भेजा
नोबल शांति पुरस्कार प्राप्त कैलाश सत्यार्थी ने उत्तराखंड बाल विधानसभा के नव निर्वाचित सदस्यों, मुख्यमंत्री एवं मंत्रियों को बधाई संदेश भेजा है। सत्यार्थी ने बाल दास्ता को समाप्त करने के लिए आज एक संदेश जारी किया है, जिसे बाल विधानसभा को भी भेजा गया है।
जयंती पर चाचा नेहरू का भावपूर्ण स्मरण
देश के प्रथम प्रधानमंत्री पं. जवाहर लाल नेहरू की 125वीं जयंती पर नगर के स्कूल कालेजों, बैंक और अन्य प्रतिष्ठानों में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। और उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई। स्कूलों में चाचा नेहरू का जन्मदिन धूमधाम से मनाया गया।
शहर कांग्रेस कमेटी ने जवाहर एक्यूरियम में पंडित नेहरू की प्रतिमा माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी। वक्ताओं ने कहा कि देश के प्रथम प्रधानमंत्री पं. नेहरू ने देश की आजादी के बाद भारत को दुनिया में एक सशक्त राष्ट्र के रूप में खड़ा किया।
देश के प्रथम प्रधानमंत्री पं. जवाहर लाल नेहरू की प्रतिमा को एक मछलीघर में कैद कर रख दिया है। जिससे उनकी 125वीं जयंती पर श्रद्धांजलि देने वालों को पहले टिकट लेना पड़ा और उसके बाद प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए। यह देख पूर्व विधायक जोत सिंह गुनसोला ने जवाहर एक्वेरियम के संचालक को फटकार लगाई। और एक्वेरियम के बाहर खड़े बच्चों को निशुल्क एंट्री दिलवाई। जबकि जवाहर एक्वेरियम के संचालक बच्चों से भी प्रवेश करने के रूपये ले रहे थे।