ल-मुनस्यारी सड़क बृहस्पतिवार रात से बनिक नामक स्थान में बंद पड़ी है। शुक्रवार को भी सड़क न खुलने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बंगाली पर्यटकों का एक दल भी बनिक में फंसा रहा। जिले की 9 अन्य आंतरिक सड़कें भी शुक्रवार को बंद रही। इनमें से सोसा-सिर्खा सड़क बीती 14 अगस्त से बंद है।
थल-मुनस्यारी सड़क बड़े-बड़े बोल्डर आने से बृहस्पतिवार रात करीब साढ़े आठ बजे बनिक नामक स्थान में बंद हो गई। लोनिवि ने दो जेसीबी लगाकर सड़क खोलने का प्रयास किया। एक जेसीबी खराब होने सड़क खोलने में व्यवधान आया। लोनिवि के उप खंड अधकिरी शरद जिंदल का कहना है कि शनिवार सुबह सड़क को खोलने के फिर से प्रयास किए जाएंगे। बड़े-बड़े बोल्डर सड़क में पड़े होने से सड़क खोलने में बाधा पहुंच रही है।
उधर, आपदा प्रबंधन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार शामा-तेजम, मसूरीकांठा-होकरा, गलाती-रमतोली, मदकोट-फाफा, बासबगड़-कोटा, सोसा-सिर्खा, छिरकिला-जम्कू, सानदेव-तुरगोली, आदिचौरा-कोनिया सड़क भी बंद रही। सड़कों के बंद रहने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
मुनस्यारी में मौसम का पहला हिमपात
उच्च हिमालयी क्षेत्र हंसलिंग, राजरंभा और पंचाचूली में बृहस्पतिवार रात को मौसम की पहली बर्फबारी हुई। बर्फबारी होने से मुनस्यारी में ठंड का असर रहा। शुक्रवार को भी मुनस्यारी की ऊंची चोटयिं बादलों से घिरीं रहीं। मुनस्यारी समेत जिले के अन्य हस्सों में शुक्रवार को बारिश नहीं हुई। जिला मुख्यालय में दोपहर में उमस थी।