इसलिए सियासी हलकों में यह चर्चा है कि तीनों जिलों में 2022 के चुनावी समर में भाजपा के लिए 2017 जैसा प्रदर्शन दोहराना चुनौतीपूर्ण रहेगा। हालांकि हरिद्वार से सांसद डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक का दावा है कि पार्टी पिछली बार से भी शानदार प्रदर्शन करेगी। पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता सुरेश जोशी कहते हैं, तीनों जिलों में पार्टी पिछली बार से अधिक सीटें जीतेगी।
तीनों जिलों में नहीं छोड़ी ढील
सियासी जानकारों का मानना है कि वर्चस्व बनाए रखने के लिए भाजपा ने इन तीनों मैदानी जिलों में ढील नहीं छोड़ी और उसका इनमें लगातार पूरा फोकस है। पार्टी पिछले एक साल से सांगठनिक और रणनीतिक मोर्चे पर हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और देहरादून की सियासी फैसले लेती रही है। यूएस नगर से युवा पुष्कर सिंह धामी के हाथों में सत्ता की कमान सौंपने से लेकर सांसद अजय भट्ट को केंद्र में रक्षा राज्यमंत्री बनाने, हरिद्वार से मदन कौशिक को भाजपा की बागडोर सौंपने व देहरादून जिले गणेश जोशी को कैबिनेट मंत्री बनाने के फैसलों को इसी रणनीति के तौर पर देखा गया।
2017 में किस दल को कितनी मिली सीटें
जनपद - कुल सीटें - भाजपा - कांग्रेस बसपा
देहरादून - 10 - 09 - 01
हरिद्वार - 11 - 08 - 03
यूएसनगर- 09 - 08 - 01
कुल योग - 30 - 25 - 05