मजार शरीफ में मेहंदी डोरी पेश करते समय जायरीनों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। काफी मशक्कत के बाद करीब 100 जायरीन ही साबिर पाक की दरगाह के अंदर जा सके। मेहंदी डोरी की रस्म के दौरान जायरीनों की भीड़ को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात रहा। कई पुलिसकर्मी सादी वर्दी में भी ड्यूटी पर तैनात रहे।
यह है उर्स की मुख्य रस्म
- 29 अक्तूबर को मेहंदी डोरी की रस्म के साथ उर्स का आगाज
- 9 नवंबर को छोटी रोशनी
- 10 नवंबर को बड़ी रोशनी
- 11 नवंबर को कुल शरीफ
- 12 नवंबर को ग़ुस्ल शरीफ
- 13 नवंबर को नातिया मुशायरा
- 14 नवंबर को दरगाह शरीफ में दुआ के साथ उर्स संपन्न