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सवर्ण बच्चों ने स्कूल में की दलितों से मारपीट और छात्राओं को छेड़ा, डर से स्कूल नहीं गए बच्चे

Wed, 25 Jul 2018 10:01 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गरुड़ (बागेश्वर)
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दलित छात्राओं से होती है छेड़छाड - फोटो : concept photo
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उत्तराखंड के राजकीय इंटर कॉलेज का तिलसारी में अध्ययनरत अनुसूचित जाति बहुल गांव उड़खुली के बच्चों के अभिभावकों ने सवर्ण छात्रों पर उनके बच्चों के साथ मारपीट का आरोप लगाया है।

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इन अभिभावकों का कहना था कि बच्चे मारपीट के डर से मंगलवार को स्कूल ही नहीं गए। अभिभावकों ने प्रधानाचार्य और एसडीएम से उनके बच्चों की टीसी दिलाने की गुहार लगाई है।

इधर, एसडीएम के निर्देश के 12 घंटे बाद भी पटवारी वज्यूला ने घटना की प्राथमिकी दर्ज करना तो दूर मामले की विवेचना तक शुरू नहीं की है। इसके बाद डीएम रंजना राजगुरु ने एसडीम गरुड़ को मौके पर जाकर वास्तविक जानकारी देने को कहा है।

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सवर्ण बच्चे उनकी बेटियों के साथ छेड़छाड़ करते हैं

सुदूरवर्ती राजकीय इंटर कॉलेज तिलसारी में अनुसूचित जाति बहुल गांव उड़खुली के  36 से ज्यादा बच्चे पढ़ते हैं। उड़खुली की प्रधान कलावती देवी, सामाजिक कार्यकर्ता कुंवर राम सहित एक दर्जन से अधिक अभिभावकों ने एसडीएम और पटवारी बीएस मटियानी को मंगलवार को सौंपे ज्ञापन में कहा कि मटे, तिलसारी और आगर के सवर्ण बच्चे उनकी बेटियों के साथ छेड़छाड़ करने अलावा लड़कों के साथ आए दिन मारपीट करते हैं।

उड़खुली के आक्रोशित अभिभावकों ने उनके पाल्यों की सुरक्षा के मद्देनजर बच्चों को मंगलवार को स्कूल नहीं भेजा। उन्होंने विरोध स्वरूप प्रधानाचार्य और एसडीएम से उनके बच्चों की टीसी काटने की गुहार भी लगाई है।

उड़खुली गांव निवासी अभिभावकों ने अपनी तहरीर में कहा है कि सोमवार को आगर, मटे और तिलसारी के बच्चों ने उड़खुली के छात्रों के साथ मारपीट करने के अलावा राइंका तिलसारी में अध्ययनरत उड़खुली की छात्राओं के साथ अभद्र व्यवहार किया।
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पटवारी ने प्राथमिकी दर्ज करना तो दूर मामले की विवेचना तक शुरू नहीं की

Fight - फोटो : डेमो
आक्रोशित अभिभावकों का कहना है कि पटवारी ने बच्चों के साथ मारपीट करने वालों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करना तो दूर मामले की विवेचना तक शुरू नहीं की है।

उधर, राइंका तिलसारी के प्रधानाचार्य रामकुमार वर्मा का कहना है कि स्कूल अवधि में ऐसा कुछ नहीं हुआ। पटवारी मटियानी का कहना है कि अभिभावकों की तहरीर मिल गई है। समयाभाव के कारण में मौके पर नहीं जा सके। वहीं, डीएम ने एसडीएम गरुड़ से मौके पर जाकर वास्तविक जानकारी देने को कहा है।   

मामला गंभीर है। मैंने पटवारी और कानूनगो को मामले की विवेचना कर प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। मैं बुधवार को राइंका तिलसारी जाऊंगा। घटना के संबंध में मैंने जिला शिक्षा अधिकारी और प्रधानाचार्य से अपने स्तर से उचित कार्रवाई को लिख दिया है।
- सुंदर सिंह, एसडीएम गरुड़
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