एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रेम कश्यप ने कहा कि अभी तक एसओपी में किसी भी शिकायत पर स्कूल प्रबंधन को ही जिम्मेदार ठहराया गया था। जबकि अभिभावकों की मुख्य जवाबदेही तय होनी चाहिए थी। अब सरकार ने स्कूलों की शिकायत का संज्ञान लेते हुए समाधान निकाला है। इसमें अभिभावकों को एक पत्र को भरना होगा।
घर से भी ऑनलाइन जुड़ने की व्यवस्था
अगर कोई स्कूल खोला गया है। प्रबंधन द्वारा क्लास का चार्ट छात्रों को मुहैया कराया जा रहा है। अगर कोई छात्र स्कूल नहीं आना चाहता है तो वह घर से ही निर्धारित समय पर ऑनलाइन क्लास से जुड़ सकता है। हालांकि, स्कूलों की ओर से अभिभावकों को छात्रों को स्कूल भेजने की अपील की गई। उनका कहना है कि बोर्ड परीक्षाओं में प्रैक्टिकल के अभ्यास के लिए स्कूल आना जरूरी है।