उत्तराखंड में नवंबर में प्रस्तावित खेल महाकुंभ में पहली बार अंडर-12 वर्ग को शामिल किया गया है। अब इस आयु वर्ग की प्रतिभाओं को राजकीय स्पोर्ट्स कॉलेजों में प्रवेश मिल सकेगा, जहां उन्हें ट्रेनिंग देकर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर के लिए तैयार किया जाएगा। इसके अलावा अंडर-14, 17, 19 आयु वर्ग के खिलाड़ियों के लिए विभाग ने फिलहाल स्थिति स्पष्ट नहीं की है।
युवा कल्याण निदेशालय की ओर से होने वाले खेल महाकुंभ में अभी तक अंडर-14, 17, 19 आयु वर्ग के ही मुकाबले होते रहे हैं। इस प्रतियोगिता में पहली बार अंडर-12 वर्ग में मुकाबले खेले जाएंगे। इसका मुख्य कारण यह है कि इस आयु वर्ग की प्रतिभाओं को स्पोर्ट्स कॉलेज में प्रवेश मिल सके। स्पोर्ट्स कॉलेज में प्रवेश के लिए आयुसीमा 12 वर्ष अनिवार्य है, लेकिन पिछली बार तक अंडर-12 वर्ग न होने से खिलाड़ी प्रवेश के लिए अपात्र माने जाते रहे थे।
तीरंदाजी, तैराकी के मुकाबले सीधे राज्य स्तर पर
खेल महाकुंभ में पहली बार तीरंदाजी व तैराकी प्रतियोगिता होने जा रही है। ये प्रतियोगिताएं जिला स्तर पर नहीं, बल्कि सीधे राज्य स्तर पर कराई जाएंगी। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि ये दो ऐसे खेल हैं जो हर जिले में नहीं खेले जाते हैं। सिर्फ मैदानी जिलों में ही इन खेलों की सुविधाएं हैं। यही कारण है कि ये प्रतियोगिताएं राज्य स्तर पर कराने का निर्णय लिया है।
इस खेल महाकुंभ में अंडर-12 वर्ग को शामिल किया है, ताकि उन्हें स्पोर्ट्स कॉलेज में प्रवेश मिल सके। अन्य वर्ग की प्रतिभाओं के लिए भी योजना बनाई जाएगी।
- आरसी डिमरी, संयुक्त निदेशक, युवा कल्याण