इससे पहले नाम संशोधन के लिए 10वीं व 12वीं की मार्क्स-शीट व अन्य डॉक्यूमेंट मांगे जा रहे थे। समस्या यह आ रही थी कि लोगों को जानकारी नहीं मिल पा रही थी कि किस पहचान में संशोधन के लिए कौन-कौन से डॉक्यूमेंट्स मांगे जा रहे हैं। इससे लोगों को घंटे इंतजार के बाद आवश्यक डॉक्यूमेंट्स न लाने पर बैरंग लौटना पड़ रहा था।
देहरादून में यूआईडीएआई के जीएमएस रोड स्थित आधार सेवा केंद्र के मैनेजर आदित्य शुक्ला ने बताया कि फोटोग्राफ, बायोमीट्रिक, जेंडर (लिंग), मोबाइल नंबर व ई-मेल आईडी में संशोधन कराने के लिए किसी भी डॉक्यूमेंट्स की जरूरत नहीं है। यूआईडीएआई के आधार केंद्र में लोग आसानी से सेवा का लाभ ले सकते हैं।