मसूरी में तिब्बतन होम्स फाउंडेशन स्कूल के 16 छात्रों और छह लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। सभी छात्रों को चमन स्टेट स्थित तिब्बतन होम्स बिल्डिंग चार्लिमाउंट में रखा गया है। प्रशासन ने इस क्षेत्र को कंटेंनमेंट जोन घोषित किया है।
कोविड-19 नोडल अधिकारी डॉ. प्रदीप राणा ने बताया कि उप जिला अस्पताल मसूरी लंढौर में छह लोग कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। सभी को होम आइसोलेशन में रहने को कहा गया है। एसडीएम मनीष कुमार ने बताया कि तिब्बतन होम्स फाउंडेशन स्कूल के 13 छात्रों का कोरोना टेस्ट देहरादून और तीन छात्रों की जांच मसूरी में की गई थी।
सभी छात्रों को हॉस्टल में रखा गया है। हॉस्टल को कंटेनमेंट जोन बना दिया गया है। बताया कि बुधवार को स्कूल में एसओपी के पालन की जांच की जाएगी। कहा कि हैप्पी वैली क्षेत्र में टीकाकरण तेजी से चल रहा है।
हेल्पलाइन नंबर जारी
जिला प्रशासन ने लोगों के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। अगर किसी को सर्दी, जुकाम, बुखार के लक्षण महसूस होते है तो 0135 2724504, 2626066, 2726066 और मोबाइल नंबर 7534826066 पर संपर्क किया जा सकता है। साथ ही पुलिस विभाग के टोल फ्री नंबर 112 पर भी संपर्क किया जा सकता है।
प्रदेश को बुधवार को 54 हजार टीके और मिलेंगे। सीरम इंस्टीट्यूट पुणे से विमान से वैक्सीन जौलीग्रांट एयरपोर्ट लाई जाएगी। वहीं, स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि जिलों के पास अभी वैक्सीन उपलब्ध है। जहां कमी होगी, वहां बुधवार को वैक्सीन भेजी जाएगी।
केंद्र से वैक्सीन की आपूर्ति में थोड़ी कमी आने से प्रदेश में टीकाकरण की गति धीमी पड़ गई है। पहले एक दिन में एक लाख से अधिक लोगों को टीका लगाने का रिकॉर्ड बना था। लेकिन अब तक टीकाकरण में कमी आई है। 11 अप्रैल को प्रदेश को 1.38 लाख टीके मिले थे। मंगलवार को पूरे प्रदेश में 620 बूथों पर 34799 लोगों को वैक्सीन का टीका लगाया गया।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की निदेशक डॉ.सरोज नैथानी ने बताया कि बुधवार को केंद्र से 54 हजार टीके भेेजे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में वैक्सीन की कमी नहीं है। केंद्र की तरफ से लगातार वैक्सीन की आपूर्ति की जा रही है।श्
36 आईसीयू और 188 जनरल बेड आरक्षित
कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों को देखते हुए श्रीमहंत इंदिरेश अस्पताल प्रशासन ने आईसीयू के 36 और 188 जनरल बेड को आरक्षित कर दिया है। अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार धवन ने बताया कि सीएमओ देहरादून से बातचीत के बाद कोरोना मरीजों के उपचार के लिए विशेष एक्शन प्लान तैयार किया गया है। अस्पताल के छाती एवं सांस रोग विभाग के प्रमुख डॉ. जगदीश रावत ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी गाइडलाइन के अनुसार ही मरीजों का उपचार किया जाएगा।
हरिद्वार कुंभनगरी में कोरानों संक्रमण बेहिसाब रफ्तार से बढ़ रहा है। सोमवती अमावस्या के शाही स्नान के ठीक एक दिन बाद जिले में रिकार्ड 843 संक्रमित मिले हैं। इनमें राज्यसीमा और मेला क्षेत्र में 186 लोग संक्रमित पाए गए। वहीं श्री पंचदशनाम जूना अखाड़ा और पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी के आठ संत भी पॉजिटिव मिले हैं।
कुंभनगरी में मेष संक्रांति के शाही स्नान के ठीक एक दिन पहले हरिद्वार में 843 कोविड संक्रमित मिले हैं। जिले में सबसे अधिक 57 संक्रमित आईआईटी रुड़की में मिले हैं। पॉस कॉलोनी शिवालिक नगर में 16, त्यागी बिल्डिंग नारसन में आठ, एनआईएच कॉलोनी रुड़की में सात, शिवलोक कॉलोनी में छह, आरसीआई रुड़की में पांच लोगों में कोविड संक्रमण पुष्टि हुई है। श्री पंचदशनाम जूना अखाड़े के पांच और पंचायती अखाड़ा श्री निरंजनी के तीन संतों की कोविड रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।
सीएमओ डॉ. एसके झा ने बताया कि जिले में 26694 लोगों की जांच की गई थी। इनमें से 657 लोग कोविड संक्रमित मिले हैं। राज्यसीमा और मेला क्षेत्र में 17001 श्रद्धालुओं की एंटीजन, 2055 की आरटी-पीसीआर और 15 की ट्रूनेट जांच की गई। जांच में 88 श्रद्धालु संक्रमित मिले हैं। 26 संक्रमितों को राज्यसीमा से लौटा दिया गया है। जिले में 29825 लोगों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं।
मेलाधिकारी स्वास्थ्य डॉ. अर्जुन सिंह सेंगर ने बताया कि बताया कि मेला क्षेत्र में 13194 श्रद्धालुओं की एंटीजन और 2127 की आरटी-पीसीआर जांच की गई। इसमें 98 श्रद्धालु कोविड पॉजिटिव पाए गए। इनमें यात्रियों के साथ स्थानीय श्रद्धालु भी शामिल हैं। स्थानीय श्रद्धालुओं को आइसोलेट किया गया है। जबकि यात्रियों को बाबा बर्फानी, गुरुकुल कोविड केयर सेंटर और मेला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।