बृहस्पतिवार शाम करीब सात बजे वह और उनकी पत्नी घर के पास गोशाला में गाय के लिए चारा डालकर लौट रहे थे। उनके बीच में चार साल का बेटा रौनक चल रहा था। वह आगे थे।
घर के पास गुड़हल के फूल की झाड़ी के पीछे से घात लगाकर बैठे बाघ ने अचानक बच्चे पर झपटा मार दिया। बच्चे के चिल्लाने पर उसकी तरफ टार्च चमकाई तो बच्चा जमीन पर गिरा हुआ था। उसके पास से बाघ को जाते देखकर उन्होंने शोर मचा दिया।
टार्च की रोशनी से बाघ जंगल की ओर भाग गया। बताया कि वे प्राइवेट वाहन से बच्चे को लेकर कोटद्वार बेस अस्पताल पहुंचे। अस्पताल के इमरजेंसी में तैनात डा. डीके त्रिपाठी ने बताया कि बच्चे के कान पर गहरा जख्म है। उसे भर्ती कर दिया गया है। बाघ के हमले की खबर से पूरे इलाके में दहशत है।