आरएफआईडी डिवाइस लोगों के घरों में लगाई जाएगी। डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन में लगे वाहन के हेल्पर को भी जीपीएस से लैस एक बैच दिया जाएगा। जब हेल्पर कूड़ा उठाने जाएगा तो वह डिवाइस से कनेक्ट हो जाएगा। जिससे मैसेज नगर निगम में पहुंच जाएगा। अगर हेल्पर घर तक नहीं जाएगा तो उसकी रिपोर्ट सर्वर रूम में नहीं पहुंच पाएगी।
इस हिसाब से लगेगा जुर्माना
वरिष्ठ नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आरके सिंह ने बताया कि अगर डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन में लगा वाहन कूड़ा नहीं उठाता है तो कंपनी से दो रुपये प्रति घर प्रतिदिन के हिसाब से जुर्माना वसूला जाएगा।
देहरादून स्मार्ट सिटी लि. के मुख्य कार्यकारी अधिकारी की ओर से भी इसके लिए सहमति मिल गई है। उम्मीद है कि जुलाई से इस पर कार्य शुरू कर दिया जाएगा। आरएफआईडी डिवाइस से व्यवस्था पारदर्शी हो सकेगी। इससे रोजाना कूड़ा उठान सुनिश्चित हो सकेगा।
- विनय शंकर पांडेय, नगर आयुक्त