उत्तराखंड की औद्योगिक इकाइयों को अब अपने कारखानों में श्रम कानून के पालन संबंधी निरीक्षण के लिए श्रम विभाग के इंस्पेक्टरों की चिरौरी करने की जरूरत नहीं रहेगी।
राज्य में थर्ड पार्टी इंस्पेक्शन की व्यवस्था लागू की गई है, जिससे उद्यमी अपनी सुविधानुसार निरीक्षण की कार्रवाई संपन्न करा सकेंगे। श्रम विभाग ने इसके लिए तमाम निजी एजेंसियों को सूचीबद्ध किया है। यह कवायद केंद्र सरकार के ईज ऑफ डूइंग बिजनेस योजना के तहत की गई है, जिसे इसी माह से लागू किया गया है।
इसके साथ ही उत्तराखंड ऐसा करने वाला देश का पहला राज्य भी बन गया है। हालांकि यह व्यवस्था वैकल्पिक है, यदि कोई उद्यमी चाहे तो श्रम विभाग से भी निरीक्षण की सुविधा दी जाएगी। अभी तक राज्य के औद्योगिक प्रतिष्ठानों में श्रम कानूनों के पालन संबंधी वार्षिक निरीक्षण अनिवार्य रूप से कराना होता था।
इसके लिए श्रम विभाग के पास मात्र दो निरीक्षक थे, जिससे राज्य के साढ़े तीन हजार कारखानों में निरीक्षण संभव नहीं होता था। इसे देखते हुए इस माह से पूरे प्रदेश में थर्ड पार्टी इंस्पेक्शन की व्यवस्था लागू की गई है।