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Dehradun News: बनमीत की पत्नी अमरप्रीत कौर पर भी कसा शिकंजा

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अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बनमीत सिंह की पत्नी अमरप्रीत कौर चावला को भी आरोपी बनाया है। विशेष पीएमएलए अदालत में दाखिल दूसरी पूरक शिकायत का अदालत ने संज्ञान लिया है।
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ईडी का आरोप है कि अमरप्रीत कौर ने अवैध रूप से कमाये धन को छिपाने, विभिन्न खातों में स्थानांतरित करने और उसे वैध संपत्ति में बदलने की प्रक्रिया में सक्रिय भूमिका निभाई है। जांच में सामने आया कि विदेशी स्रोतों से आई रकम संयुक्त और व्यक्तिगत बैंक खातों में जमा हुई, जिसे बाद में अलग-अलग खातों के जरिये घुमाकर करोड़ों रुपये की संपत्तियां और फिक्स्ड डिपॉजिट बनाए गए।
ईडी के अनुसार दिल्ली के ग्रेटर कैलाश में करोड़ों रुपये मूल्य की संपत्ति गलत तरीके से अर्जित आय से खरीदी गई। एजेंसी का यह भी दावा है कि बनमीत सिंह ने अपने बयान में स्वीकार किया कि बिटकॉइन उसकी पत्नी ने सुरक्षित रखने के उद्देश्य से ट्रांसफर किए थे और उसके नाम से क्रिप्टो एक्सचेंज खाता भी संचालित किया गया। अभियोजन का कहना है कि अमरप्रीत कौर वैध आय का कोई विश्वसनीय दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सकीं। ईडी ने बैंक रिकॉर्ड, संपत्ति दस्तावेज, विदेशी रेमिटेंस और अन्य साक्ष्यों के आधार पर उन्हें धन शोधन की साजिश में सक्रिय सहभागी बताया। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद मामले में आगे की न्यायिक प्रक्रिया जारी रखने का निर्णय लिया।
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अमेरिका से मिले एमएलएटी के आधार पर भी बनमीत के खिलाफ जांच शुरू
अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी और क्रिप्टोकरेंसी के जरिये मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े बहुचर्चित मामले में आरोपी बनमीत सिंह के खिलाफ देहरादून स्थित विशेष पीएमएलए अदालत में सुनवाई चल रही है। ईडी ने अदालत को बताया कि अमेरिकी एजेंसियों एफबीआई, डीईए और आईआरएस की जांच में बनमीत सिंह और उसके भाई पर डार्क वेब के जरिये अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबंधित मादक पदार्थों की बिक्री और उससे अर्जित धन को बिटकॉइन के माध्यम से छिपाने के आरोप सामने आए। अमेरिका से प्राप्त एमएलएटी (म्यूचुअल लीगल असिस्टेंस ट्रीटी) अनुरोध के आधार पर भारत में भी जांच शुरू की गई। वहीं, बचाव पक्ष ने अदालत में कई दलीलें रखीं। अदालत सभी कानूनी पहलुओं पर विचार कर रही है।
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