टिहरी संसदीय सीट पर भाजपा उम्मीदवार रानी राज्यलक्ष्मी मोदी लहर पर सवार होकर चुनाव जीतना चाहती हैं।
साकेत बहुगुणा ने प्रचार में लगाया पूरा जोर
जबकि राज्य सरकार की एंटी इनकमबेंसी झेल रहे कांग्रेस प्रत्याशी साकेत बहुगुणा प्रचार में पूरा जोर लगा इस बार सीट जीतना चाहते हैं।
धनोल्टी और टिहरी में कांग्रेस का प्रचार अभियान भाजपा के मुकाबले अधिक मजबूत दिख रहा है। भाजपा के प्रचार में प्रत्याशी माला राज्यलक्ष्मी शाह से अधिक मोदी नजर आ रहे हैं।
जनता को प्रचार में माला की अनुपस्थिति खल रही है जबकि साकेत से अधिक विजय बहुगुणा को खुद से जोड़ रही है।
लोकसभा क्षेत्र की पर्वतीय विधानसभाओं की तरफ बढ़ते राजनीतिक दलों का प्रचार अभियान फीका पड़ता दिखने लगते है।
मसूरी विधानसभा क्षेत्र में माला राज्यलक्ष्मी शाह के मुकाबले में साकेत बहुगुणा पोस्टर प्रचार वार में पीछे दिख रहे हैं।
नगर निकाये क्षेत्र में तो दोनों दलों की ताकत एक सी है लेकिन ग्रामीण हिस्सों में स्थानीय लोगों का मानना है कि यहां के स्थानीय विधायक गणेश जोशी अधिक सक्रिय है।
नरेंद्र मोदी की चर्चा प्रत्याशी से अधिक
सूवाखोली के प्रीतम सिंह ने बताया कि भाजपा विधायक यहां आते रहे हैं, लेकिन कांग्रेस सिर्फ शहरी हिस्सों में प्रचार कर रही है। इस क्षेत्र में नरेंद्र मोदी की चर्चा प्रत्याशी से अधिक है।
चाय की दुकान चलाने वाले रमेश कुमार ने बताया कि भाजपा प्रत्याशी यहां नहीं आई हैं, लेकिन फिर भी मोदी को लेकर लोगों में उत्साह है। साथ लगती धनौल्टी विधानसभा में प्रवेश करते ही नजारा बदला हुआ दिखता है।
यहां कांग्रेस का प्रचार अभियान जोरों पर चल रहा है। यहां कांग्रेस छोड़कर निर्दलीय विधानसभा चुनाव लड़ रहे जोत सिंह बिष्ट कांग्रेस के प्रचार में जुटे मिले।
कद्दूखाल में जनसंपर्क चल रहे जोत सिंह बिष्ट ने बताया कि पार्टी यहां एकजुट होकर मैदान में है। बिष्ट यहां से पांच हजार का मार्जिन लेकर चले हैं जो 2012 उपचुनाव में 3200 था। हालांकि इसी क्षेत्र में स्थानीय लोगों की राय अलग है।
जनता पेयजल व्यवस्था से त्रस्त है, जिसको लेकर कांग्रेस से उनकी नाराजगी है। कुद्दूखाल के महेंद्र प्रसाद ने बताया कि रानी की लोकप्रियता उतनी नहीं है फिर भी लोग मोदी से प्रभावित हैं।
क्षेत्र के ग्राम प्रधान और व्यवसायी तेज नारायण उनियाल का मानना है कि कांग्रेस यहां मजबूत स्थिति में है, जिसका बड़ा कारण विजय बहुगुणा का बतौर मुख्यमंत्री का कार्यकाल है। टिहरी शहर में प्रचार में भाजपा और कांग्रेस जुटी हुई है।
टिहरी से हमेशा भाजपा को बढ़त
यहां कांग्रेस नेता किशोर उपाध्याय की सक्रियता दिख रही है, हालांकि विधायक दिनेश धनै लगभग गायब हैं। रेस्टोरेंट व्यवसायी विवेक का कहना है कि टिहरी से हमेशा भाजपा को बढ़त मिली है, जिसका कारण कांग्रेस खुद है।
राजपरिवार का फेक्टर हर चुनाव में यहां दिखाई देता है चाहे वह कांग्रेस से प्रत्याशी हो या फिर बीजेपी से रहा हो।
टिहरी में लोकसभा मतदान का हाल
वर्ष - भाजपा - कांग्रेस
2012 - 12505 - 9090
2009 - 13094 - 10930
2004 - 15455 - 9712
मसूरी में लोकसभा मतदान का हाल
वर्ष - भाजपा - कांग्रेस
2012 - 22966 - 15055
2009 - 18911 - 26609
2004 - 5796 - 8036
धनौल्टी में लोकसभा मतदान का हाल
वर्ष - भाजपा - कांग्रेस
2012 - 12153 - 15311
2009 - 16245 - 12909
2004 - 14253 - 10235