सार
जनगणना करें या फिर मूल काम, अलग-अलग मिले आदेशों से शिक्षक असमंजस में हैं। नगर निगम कह रहा कार्यमुक्त करें, लेकिन विभाग कार्यमुक्त नहीं कर रहा।
मूल काम और जनगणना को लेकर अलग-अलग आदेशों से शिक्षक असमंजस में हैं। विभाग की ओर से निर्देश जारी किया गया है कि जिन शिक्षकों की जनगणना में ड्यूटी लगाई गई है, उन्हें कार्यमुक्त नहीं किया जाएगा। शिक्षक मूल काम के साथ ही जनगणना ड्यूटी करेंगे। वहीं, नगर निगम की ओर से सभी प्रधानाचार्यों को पत्र लिखा गया है कि शिक्षकों को जनगणना ड्यूटी के लिए कार्यमुक्त करें।
हरिद्वार और देहरादून जिले में जिन शिक्षकों की जनगणना में ड्यूटी लगाई गई है। उन्हें विद्यालयों से कार्यमुक्त नहीं किया गया है। इस फैसले से शिक्षकों में नाराजगी है। उनका कहना है जनगणना जैसे बड़े और जिम्मेदारी भरे काम के साथ विद्यालय में पढ़ाई कराना व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है।
कई शिक्षकों की जनगणना ड्यूटी सेवित क्षेत्र से बाहर हैं। ऐसे में दो ड्यूटी एक साथ कैसे कर पाएंगे। वहीं, नगर निगम की ओर से सभी प्रधानाचार्यों को पत्र लिखा गया है कि जनगणना कार्य की समय बाध्यता को देखते हुए विद्यालयों के शैक्षिक कार्य से अवमुक्त रखें। ताकि जनगणना 2027 को समय पर किया जा सके।
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शिक्षकों को अलग-अलग आदेश जारी किए जा रहे हैं, जिससे शिक्षक दुविधा में हैं। जिन शिक्षकों की जनगणना में ड्यूटी है, उन्हें इसके लिए कार्यमुक्त किया जाए। - राम सिंह चौहान, प्रांतीय अध्यक्ष राजकीय शिक्षक संघ