देहरादून में 15 और लोग स्वाइन फ्लू की चपेट में आ गए हैं। इन मरीजों का शहर के विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
दिल्ली की प्रयोगशाला से रिपोर्ट आने के बाद इसका खुलासा हुआ है। स्वाइन फ्लू के इतने मामले सामने आने से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। विभाग की सर्विलांस टीम ने अस्पतालों को सूचित कर मरीजों के परिजनों से भी संपर्क किया है। जिले में अब तक 30 मरीजों में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो चुकी है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय से एक और दो मार्च को 43 संदिग्ध मरीजों के सैंपल जांच के लिए दिल्ली भेजे गए थे। ये मरीज वैश्य नर्सिंग होम, हिमालयन इंस्टीट्यूट अस्पताल जौलीग्रांट और महंत इंद्रेश अस्पताल में भर्ती थे। पांच और सात मार्च को दिल्ली से आई रिपोर्ट में पंद्रह मरीजों में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है।
स्वाइन फ्लू संक्रमण कम होने का दावा करने वाले अधिकारी भी इससे हैरान हैं। शनिवार शाम आननफानन में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने भर्ती मरीजों के बारे में जानकारी जुटाई। इनमें पांच मरीज हरिद्वार और टिहरी जिले के बताए जा रहे हैं। बाकी मरीज दून के हाथीबड़कला, गढ़ी कैंट, क्लेमनटाउन आदि क्षेत्रों के हैं।
स्वाइन फ्लू के सर्विलांस अधिकारी डा. मदन बोनाल ने बताया कि अस्पतालों को हिदायत दी गई है कि मरीजों को पर्याप्त दवा और इलाज दिया जाए। मरीजों के घर वालों से संपर्क किया गया है। रविवार को परिजनों के रक्त नमूने भी लिए जाएंगे। डा. बोनाल ने बताया कि शनिवार को नौ नए संदिग्ध मरीजों के सैंपल दिल्ली भेजे गए हैं।