शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती महाराज ने कहा कि राम जन्म भूमि (अयोध्या) में केवल राम मंदिर बने। मस्जिद नहीं बननी चाहिए।
दोनों बने तो विवाद होगा। कभी मस्जिद में अजान होगी तो कभी मंदिर में घंटा बजेगा। ये किसी पक्ष को बर्दाश्त नहीं होगा। भाजपा राम को आदर्श पुरुष मानती है भगवान नहीं।
आदर्श पुरुष का स्टेच्यू बनाया जाता है। जबकि हम आराध्य राम का मंदिर बनाना चाहते हैं। यह भी साफ हो चुका है कि बाबर कभी अयोध्या ही नहीं गए तो उसकी जन्म भूमि कैसे हो गई।
रविवार को कनखल स्थित शंकराचार्य मठ में पत्रकारों से वार्ता में शंकराचार्य ने कहा कि भाजपा और घटक दल राम मंदिर क्यों नहीं बनाते अब तो केंद्र में उनकी सरकार है।