प्रो. जीडी अग्रवाल उर्फ सानंद स्वामी के निधन से हरिद्वार के जगजीतपुर स्थित मातृसदन में दुख और गुस्से का माहौल है। सदन के संस्थापक और सानंद स्वामी के गुरु स्वामी शिवानंद ने खुलकर अपना रोष प्रकट किया।
घटना की सूचना मिलने के बाद उन्होंने कहा कि यह सामान्य मौत नहीं, हत्या है। स्वामी सानंद आश्रम से जाना नहीं चाहते थे, पुलिस ने जबरन उन्हें उठाकर गाड़ी में लादा और एम्स लेकर चले गए। क्रोध में बिफरे स्वामी शिवानंद यहीं नहीं रुके। उन्होंने कहा कि पुलिस महकमे में बड़े पदों पर आसीन कल के छोकरे संस्कार तक नहीं सीख पाए हैं। मेरी आंखों के सामने विरोध में छटपटाते मेरे शिष्य का हाथपांव काबू में कर पुलिस वाले जबरन उठाकर ले गए।
उन्होंने आरोप लगाया कि स्वामी सानंद ने उनसे कहा था कि एक केंद्रीय मंत्री मेरे अनशन को तुड़वाने के लिए हर तरह का प्रयास कर रहा है। यह आशंका तब प्रमाणित होती दिखी जब पुलिस ने बल पूर्वक स्वामी सानंद को काबू किया। वह आश्रम से नहीं जाना चाहते थे। बीते 10 अक्तूबर को स्वामी ने जल त्याग भी कर दिया था। लिहाजा वह बोलने की बजाए लिखकर अपनी भावनाएं व्यक्त करते थे।
स्वामी शिवानंद ने आरोप लगाया कि कोई बात सुने बिना पुलिस अराजकता और अभद्रतापूर्वक स्वामी सानंद को एम्स में ले जाकर भर्ती कर दिया। बातचीत के दौरान स्वामी शिवानंद ने स्पष्ट किया कि आंदोलन पूर्व की तरह ही चलता रहेगा। अब वह खुद अनशन पर बैठेंगे।