गंगा में चल रहे अवैध खनन को पूरी तरह बंद करने और मुख्य सचिव एस रामास्वामी तथा हरिद्वार के जिलाधिकारी समेत पांच अधिकारियों के निलंबन की मांग को लेकर पांच दिन से उग्र तप कर रहे मातृ सदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती को जबरन उठाने के लिए प्रशासन तथा पुलिस की टीमों ने मातृसदन परिसर में डेरा डाल दिया।
इस दौरान मनाने की तमाम कोशिशें विफल होने के बाद प्रशासन ने ताले तोड़कर तथा कटर से चैनल गेट काटकर स्वामी शिवानंद को जबरन उठाने का प्रयास किया। इस दौरान स्वामी शिवांनद सरस्वती ने अपना मौनव्रत तोड़ दिया तथा मुख्यमंत्री और अफसरों को खूब खरी-खरी सुनाई। देर रात तक वार्ता और उठाने के प्रयास जारी थे। मातृ सदन में पुलिस और अधिकारियों का जमावडा लगा रहा।
गंगा में खनन खोलने के विरोध में ग्यारह दिन तक ब्रह्मचारी आत्मबोधानंद सरस्वती द्वारा तप करने के बाद पांच दिन से परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती उग्र तप पर बैठे हुए हैं। चार दिन से उन्होंने जल भी छोड़ दिया है।
ऐसे में उनके जीवन को संकट मानते हुए रविवार की शाम एसडीएम मनीष सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट जयभारत सिंह, सीओ जयदेव आर्य, एसओ अनुज सिंह की अगुवाई में पुलिस और राजस्वकर्मी मातृ सदन पहुंचे। प्रशासन की गतिविधियों को भांपते हुए मातृ सदन के ब्रह्मचारियों ने स्वामी शिवानंद को उनके कमरे में बैठाकर चैनल गेट पर ताले लगा दिए थे।