उन्होंने कहा कि अब 25 से 27 नवंबर तक बनारस में होने वाली धर्म संसद को लेकर योजना तैयार की जाएगी और उसी के आधार पर देशभर में मुहिम चलाई जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वामी सानंद की सुनियोजित तरीके से हत्या की गई है, जिसकी एसआईटी गठित कर जांच की जानी चाहिए।
मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि वह स्वामी सानंद के आंदोलन को आगे बढ़ाएंगे और सानंद की भांति ही उनकी मांग भी गोमुख से गंगा सागर तक गंगा की अविरल धारा लाने की होगी।
जिसके लिए भागीरथी, मंदाकिनी, नंदाकिनी, अलकनंदा, धौली गंगा, पिंडर नदियों पर बनने वाली परियोजनाओं को निरस्त किया जाना चाहिए। इस मौके पर जल पुरुष राजेंद्र सिंह, कांग्रेस के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष किशोर उपाध्याय, सुशीला भंडारी, शालिनी, हेमंत ध्यानी आदि मौजूद रहे।