देशभर के पर्यटन स्थलों और धार्मिक आस्था के केंद्रों के कायाकल्प को लेकर केंद्र सरकार की ओर से शुरू की गई ‘स्वदेश दर्शन’ योजना में उत्तराखंड ने अपने बड़े भाई यूपी को मीलों पीछे छोड़ दिया है।
केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय की ओर से हाल में जारी सूची में जहां उत्तराखंड पर्यटन विभाग की ओर से केंद्र को भेजी गई 80 करोड़ की योजनाओं में से 30 परियोजनाओं को हरी झंडी दे दी है, वहीं यूपी की एक योजना को मंजूरी दी गई है। इतना ही नहीं केंद्र ने उत्तराखंड पर्यटन विभाग के मसौदे को मंजूरी देते हुए 80 करोड़ रुपये में से 20 फीसदी बजट यानी 16 करोड़ रुपये राज्य सरकार के खाते में भी डाल दिए हैं। बजट आवंटन के साथ ही योजनाओं पर काम भी शुरू हो गया है।
केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय ने देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों और पर्यटन स्थलों के विकास के लिए स्वदेश दर्शन नामक महत्वाकांक्षी योजनाएं तैयार की हैं। सरकार ने स्वदेश दर्शन योजना के तहत प्रमुख धार्मिक स्थलों और पर्यटन केंद्रों के विकास के लिए 100 करोड़ की योजना तैयार कर केंद्र सरकार को भेजी थी, जिसमें से 80 करोड़ के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है।
इससे धार्मिक और पर्यटन के लिहाज से महत्वपूर्ण स्थलों को विश्व स्तरीय सुविधाओं से युक्त बनाया जाएगा। इन केंद्रों को बिजली, पानी, सड़क जैसी मूलभूत सुविधाओं से युक्त करने के साथ ही बेहतर पार्किंग, रहने के लिए अतिथिगृहों के निर्माण की योजना बनाई गई है।
ज्ञात हो कि केंद्र सरकार ने स्वदेश दर्शन योजना के तहत पहले चरण में छह सौ करोड़ बजट का प्रावधान किया है। पर्यटन विकास परिषद निदेशक एके द्विवेदी का कहना है कि बजट आवंटन हो गया है और शीघ्र ही निर्माण कार्य शुरू कराए जाएंगे, ताकि स्वदेश दर्शन योजना को मूर्तरूप दिया जा सके।