पुलिस और अफसरों की अनदेखी से फल फूल रही गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी अब भारी पड़ने लगी है। कालाबाजारी पकड़ने पर सोमवार को गैस तस्करों ने जिला पूर्ति निरीक्षक पर हमला कर लात और घूंसों से पीट दिया। उन्होंने भागकर जान बचाई। बाद में एसडीएम फोर्स के साथ पहुंचे तो एक टेंपो और छह सिलेंडरों को सीज कर दिया गया। इस मामले में तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
सोमवार को वीरभट्टी में गैस की गाड़ी में आग लगने की सूचना के बाद जिला आपूर्ति अधिकारी टीएन उपाध्याय ने पूर्ति निरीक्षक रवि सनवाल को वहां जाने के निर्देश दिए थे। पूर्ति निरीक्षक गौला बाइपास रोड से नैनीताल को जा रहे थे। रास्ते में एक टेंपो में सिलेंडर भरे होने पर उन्होंने रोका तो चालक जवाब नहीं दे पाया।
तलाशी लेने पर टेंपो में छह सिलेंडर मिले। पूर्ति निरीक्षक ने चालक को वहां चलने को कहा जहां से सिलेंडर लाया था। वह उन्हें आंवला वन चौकी के पास ले गया। वहां एक ट्रक से सिलेंडर उतारे जा रहे थे और खाली सिलेंडर भरे जा रहे थे।
पूर्ति निरीक्षक रवि सनवाल ने जब अपने मोबाइल से सिलेंडरों की फोटो खींची तो तीन लोगों ने उन्हें घेर लिया। उनके साथ मारपीट कर दी। पूर्ति निरीक्षक ने वहां से भागकर सूचना एसडीएम एपी वाजपेई को दी। एपी वाजपेई मौके पर पुलिस टीम लेकर पहुंचे।
उनके आने से पहले चालक ट्रक लेकर भाग गया। पूर्ति निरीक्षक की तहरीर पर बनभूलपुरा थाने में कमल पलड़िया सहित दो के खिलाफ हत्या के प्रयास और कालाबाजारी का मुकदमा दर्ज किया गया।