हालात ये हैं कि अफसरों व बैंकर्स की कारगुजारी के चलते मध्य शिक्षा सत्र बीतने के बाद भी प्रदेश के करीब दो लाख छात्र ड्रेस व किताबें से वंचित हैं। बीती 17 जुलाई को शिक्षा सचिव आर.मीनाक्षी सुंदरम की अध्यक्षता में हुई बैठक में भी विभागीय अधिकारियों ने इस मामले को उठाया, लेकिन मामले का समाधान नहीं हो पाया है।
छात्र-छात्राओं के बैंक खातों को लेकर मुख्य सचिव की ओर से समस्त जिलाधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए गए हैं, इसके बाद भी कुछ जनपदों में दिक्कतें आ रही हैं। शिक्षकों को कहा गया है कि संबंधित जनपद के डीएम से मिलकर समस्या का समाधान कराएं।
- वंदना गर्ब्याल, अपर राज्य परियोजना निदेशक समग्र शिक्षा अभियान