गुरुवार को दून ग्रुप के अस्पतालों में मरीजों की पैथोलोजी जांचें नहीं होंगी। लैब टेक्नीशियन हड़ताल पर रहेंगे।
दून अस्पताल का ब्लड बैंक खुला रहेगा। साथ ही फार्मासिस्टों के कार्य बहिष्कार के कारण रोगियों को दवाएं तीन घंटे देरी से मिलेंगी। बुधवार को मरीजों को सिर्फ एक घंटे दवाएं मिल पाईं। बहुत से रोगी बिना दवा के लौट गए।
फार्मासिस्ट कार्य बहिष्कार पर थे
बुधवार को ईद-उल-अजहा की वजह से दून अस्पताल, दून महिला चिकित्सालय और कोरोनेशन में दोपहर 12 बजे तक ओपीडी थी। सुबह आठ से 11 बजे तक फार्मासिस्ट कार्य बहिष्कार पर थे। रोगियों को एक घंटे ही दवा मिल पाई। जो रोगी 12 बजे डाक्टरों को दिखाकर आए, उन्हें दवा नहीं मिली।
लैब टेक्नीशियन की हड़ताल से गुरुवार को पैथोलोजी में जांच नहीं होंगी। मरीजों का ब्लड सैंपल नहीं लिया जाएगा। दून अस्पताल के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आरएस असवाल ने बताया कि मरीजों को ब्लड और प्लेटलेट्स मिलेंगी। फार्मासिस्टों का तीन घंटे के कार्य बहिष्कार गुरुवार को भी जारी रहेगा।
आपात सेवाओं में आंशिक छूट
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रदेश अध्यक्ष ठाकुर प्रह्लाद सिंह ने बताया कि आपात सेवाओं में 19 अक्तूबर तक आंशिक छूट रहेगी। स्वास्थ्य सेवाओं के अलावा पानी, बिजली, सिंचाई, आपूर्ति विभाग और क्षेत्रीय खाद्य निगम आदि विभागों को आंशिक छूट रहेगी।
डेंगू की दूसरे रोगों से 'जुगलबंदी' खतरनाक
देहरादून में डेंगू के साथ ही मलेरिया, स्क्रब टाइफस के रोगियों की संख्या बढ़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि दूसरे रोगों के साथ डेंगू की जुगलबंदी खतरनाक है।
डेंगू होने पर रोगी के शरीर में पड़े मलेरिया पैरासाइट सक्रिय हो जाते हैं। हरिद्वार के एक रोगी को डेंगू के साथ मलेरिया और स्क्रब टाइफस भी है। उसे दिल्ली रेफर कर दिया गया।
हिमालयन इंस्टीट्यूट में कुछ डेंगू रोगियों के ब्लड सैंपल की जांच में मलेरिया पॉजीटिव आया है। शहर के अस्पतालों में डेंगू के नए रोगी लगातार भर्ती हो रहे हैं। बुधवार को श्रीमहंत इंदिरेश अस्पताल में 15 नए रोगी भर्ती हुए। इनमें छह देहरादून के हैं।
दून अस्पताल में पांच, सिनर्जी अस्पताल में एक और सीएमआई में डेंगू के पांच नए रोगी भर्ती हुए हैं।
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