प्रमोशन में आरक्षण के खिलाफ जनरल ओबीसी कर्मचारियों की हड़ताल बुधवार को भी जारी रही। तीन दिन की छुट्टी के बाद चौथे दिन भी सरकारी दफ्तरों में माहौल छुट्टी जैसा ही रहा। कलेक्ट्रेट परिसर के तमाम कार्यालयों में जरूरी काम नहीं हुए। इसके अलावा तहसील सदर से भी लोगों को बैरंग लौटना पड़ा।
इधर, बुधवार से आपातकालीन सेवा के कर्मचारियों ने भी हड़ताल पर जाने का फैसला लिया था। इसका असर पहले दिन कम दिखाई दिया। दून अस्पताल के केवल प्रशासनिक कर्मचारी ही हड़ताल पर रहे।
इस दौरान अस्पताल में मेडिकल कर्मचारियों ने हड़ताल में भाग नहीं लिया। लिहाजा, दून और सभी सरकारी अस्पतालों कामकाज प्रभावित नहीं हुआ। इस दौरान शहर के अन्य दफ्तरों रोज की तरह लगभग सामान संख्या में कर्मचारियों ने हड़ताल में भाग लिया।