देहरादून। ऋषिकेश में एक युवक के शव की पहचान को लेकर विवाद गहरा गया है। पीड़ित परिवार ने ऋषिकेश पुलिस पर बिना डीएनए परीक्षण किए शव सौंपने का गंभीर आरोप लगाया है। उत्तराखंड मानव अधिकार आयोग ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, देहरादून से इस मामले में रिपोर्ट तलब की है।
दिल्ली निवासी 21 वर्षीय अमन गत नौ मई को ऋषिकेश से लापता हो गया था। 22 मई को पुलिस ने अमन के परिजनों को एक शव सौंपा। पुलिस ने दावा किया कि यह शव अमन का है। परिजनों ने मानवाधिकार आयोग में शिकायत दर्ज कराई है कि बिना डीएनए टेस्ट किए पुलिस ने शव को उनके बेटे का करार दे दिया। आरोप है कि परिवार के किसी भी सदस्य का कोई नमूना नहीं लिया गया।