पिता को किसी तरह जंगल से बाहर से निकाला और 108 एंबुलेंस को फोन किया। फोन करने के बाद भी घंटों तक एंबुलेंस मौके पर नहीं पहुंची। सरजीत की छाती व पीठ पर बाघ के दांत के गहरे घाव हैं।
तराई पश्चिमी वन प्रभाग के डीएफओ के निर्देश पर आमपोखरा रेंज के रेंजर ने मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली। डीएफओ तराई पश्चिमी वन प्रभाग हिमांशु बागरी ने बताया कि जहां पर हमला हुआ है, वह दक्षिणी जसपुर, आमपोखरा रेंज के अंतर्गत आता है।
ऐसे में आमपोखरा रेंजर को कार्यवाही के निर्देश दिए हैं। युवक की हालत यदि गंभीर है, तो उसे हल्द्वानी रेफर करके बेहतर इलाज कराया जाएगा।