प्रदेश के स्कूलों में कार्यरत भोजन माताओं को रखने एवं उन्हें हटाने का अधिकार अब स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) और शिक्षक अभिभावक एसोसिएशन के पास होगा। इसके लिए समिति को अपने विकासखंड के उप शिक्षा अधिकारी से अनुमोदन लेना होगा। शासन की ओर से इसका शासनादेश जारी कर दिया गया है।
प्रदेश के स्कूलों में 26 हजार से अधिक भोजन माताएं कार्यरत हैं, लेकिन कई बार उनकी नियुक्ति एवं हटाए जाने को लेकर विवाद होते रहे हैं। ऐसे में शासन की ओर से अब उनके चयन और उन्हें हटाए जाने का अधिकार संबंधित स्कूल की प्रबंधन समिति एवं शिक्षक अभिभावक एसोसिएशन को दिया गया है।
अपर सचिव रंजना की ओर से इसका जीओ जारी कर दिया गया है। अपर राज्य परियोजना निदेशक सर्व शिक्षा अभियान डा. मुकुल कुमार सती ने कहा कि भोजनमाताओं के चयन एवं उन्हें हटाए जाने के संबंध में विभिन्न स्तरों से प्राप्त हो रही शिकायतों के बाद संशोधित जीओ जारी हुआ है। शासनादेश के संबंध में प्रदेश के समस्त जिला शिक्षा अधिकारी बेसिक को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं।