धनतेरस पर खरीदारी करने जा रहे हैं तो शुभ मुहूर्त देख कर जाएं। शुभ मुहूर्त पर खरीददारी करने से आपके घर धनवर्षा के संयोग बनेंगे।
खरीदारी का सबसे बढ़िया शुभ मुहूर्त 3.58 बजे से शाम 5.18 बजे तक है। इस समय वस्त्र, धातु, आभूषण आदि की खरीदारी करना शुभ रहेगा। इसके अलावा 1.20 बजे से 2.40 बजे तक बर्तन, वस्त्र आदि क्रय कर सकते हैं। पंडितों के अनुसार 2.40 बजे से 3.58 तक लाभ की चौघड़िया रहेगी। इस अवधि में सोना, चांदी, वाहन आदि क्रय किया जा सकता है।
वहीं, धनतेरस पर खरीदारी के लिए कार-बाइक, स्कूटी, ज्वेलरी सहित इलेक्ट्रॉनिक्स सामान की भी बुकिंग हो चुकी है। इस दिन के लिए 400 से अधिक कारें और 100 से अधिक दुपहिया वाहनों की बुकिंग हुई है। सर्राफा कारोबार भी गुलजार है। कई लोगों ने डायमंड रिंग बुक कराई है।
पलटन बाजार में ज्वेलर्स विजय बग्गा ने बताया कि कई ऐसे लोग जिन्होंने अपने गोल्ड या डायमंड सेट पहले बनवा लिए हैं, उन्होंने भी इसे घर ले जाने के लिए धनतेरस का ही दिन चुना है। टीवी, म्यूजिक सिस्टम आदि की भी बुकिंग हुई है।
घर के द्वार पर जलाएं दीपक
धनतेरस के दिन समुद्र से धनवंतरी वैध अमृत कलश लेकर प्रकट हुए थे। इस तिथि में बर्तन, वस्त्र, सोना, चांदी पीतल आदि के बर्तन खरीदना शुभ माना जाता है। उत्तराखंड विद्वत सभा के उपाध्यक्ष आचार्य भरत राम तिवारी के अनुसार त्रयोदशी तिथि 8 नवंबर को शाम 4.25 बजे लगेगी।
यह 9 नवंबर को शाम 7 बजकर पांच मिनट तक रहेगी। इस दिन प्रदोष काल शाम 7.58 बजे तक है। प्रदोष काल में शाम 5.18 से 7.58 बजे तक घर के द्वार पर दीपक प्रज्ज्वलित कर रखें। इससे अकाल मृत्य का भय नहीं रहता। डॉ. आचार्य सुशांत राज के अनुसार प्रदोष काल में अन्न की ढेरी पर दक्षिण मुख तेल का दीपक प्रज्ज्वलित करें। प्रात: 9.20 से 10.40 तक शुभ की चौघड़िया रहेगी। इस अवधि में धनवंतरी जी की पूजा करें।