पहले इनके ग्राहक कम थे
पलटन बाजार स्थित जुगलकिशोर भीमसेन सेंटर के मालिक संजीव रस्तोगी ने बताया कि पहले श्रीरामचरितमानस की हर माह पांच से 10 प्रतियां की बिकती थीं। लेकिन, डेढ़ महीने से उनकी दुकान से श्रीरामचरितमानस के 600 बड़े गुटके लोगों ने व्यक्तिगत इस्तेमाल के लिए खरीदे। वहीं, भेंट दो हजार से अधिक छोटे गुटके भी बिके। अशोक बुक डिपो के मालिक अशोक रस्तोगी ने बताया कि धार्मिक ग्रंथों की खरीदारी बढ़ने से हमें स्टॉक मेंटेन करने में भी अच्छा लग रहा है।