जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे गंभीर मरीजों को अब दून अस्पताल में इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) की सुविधा मिलने के साथ ही जिला अस्पताल कोरोनेशन में भी आईसीयू की सुविधा मिलेगी। कोरोनेशन अस्पताल में 30 जून से न सिर्फ आईसीयू संचालित करने की तैयारी है, बल्कि गंभीर मरीजों को भर्ती करने के साथ ही उनका इलाज भी शुरू कर दिया जाएगा।
सीएमओ डॉ. मनोज कुमार उप्रेती ने स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखकर कोरोनेशन अस्पताल में आईसीयू संचालित करने को लेकर 10 प्रशिक्षित स्टाफ नर्स समेत कई कर्मचारियों की तैनाती की भी मांग की है। बताया कि अस्पताल में आईसीयू संचालित करने के साथ गंभीर मरीजों को भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया जाएगा। फिलहाल दून अस्पताल में ही गंभीर मरीजों को आईसीयू की सुविधा मिल रही है, लेकिन दून अस्पताल में गंभीर मरीजों की संख्या बहुत अधिक होने से कई बार मरीजों को एम्स ऋषिकेश के साथ ही दूसरे निजी अस्पतालों में रेफर करना पड़ता है, जो मरीजों के लिए परेशानी का सबब बनने के साथ उनकी जेब पर भी भारी पड़ता है।
गंभीर मरीजों को आईसीयू की सुविधा मिल सके, इसके लिए कोरोनेशन में आईसीयू बनाया गया है, लेकिन संचालित न होने से यहां अभी फिलहाल मरीजों को भर्ती नहीं किया जा रहा है। पिछले दिनों जब विभागीय मंत्री ने अस्पताल का निरीक्षण किया, तो उन्होंने कोरोनेशन अस्पताल में आईसीयू संचालित नहीं करने को लेकर कड़ी नाराजगी जताते हुए जल्द संचालित करने का आदेश दिया था। विभागीय मंत्री के हस्तक्षेप के बाद अस्पताल में आईसीयू को संचालित करने की तैयारी है। सीएमओ ने बताया कि कोरोनेशन अस्पताल में आईसीयू बनकर तैयार है। आईसीयू में प्रशिक्षित स्टाफ नर्स और तमाम पैरामेडिकल की तैनाती के साथ ही गंभीर मरीजों को भर्ती कर उनके इलाज की भी प्रक्रिया 30 जून से शुरू कर दी जाएगी।